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Chandigarh News: पीजीआई में 33वें अंतरराष्ट्रीय पब्लिक हेल्थ मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम का शुभारंभ, 20 देशों के विशेषज्ञ हुए शामिल

VVinita Kohli
Chandigarh News: पीजीआई में 33वें अंतरराष्ट्रीय पब्लिक हेल्थ मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम का शुभारंभ, 20 देशों के विशेषज्ञ हुए शामिल
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चंडीगढ़: पीजीआई में बुधवार को 33वें इंटरनेशनल पब्लिक हेल्थ मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम (आईपीएचएमडीपी) का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन पीजीआई निदेशक प्रो. विवेक लाल और विदेश मंत्रालय, भारत सरकार के अतिरिक्त सचिव विराज सिंह ने किया। इस दौरान 20 देशों से आए 43 क्लीनिकल और पब्लिक हेल्थ विशेषज्ञ मौजूद रहे।

यह कार्यक्रम अपने 10 वर्ष पूरे होने के अवसर पर विशेष महत्व रखता है। पिछले एक दशक में इस वैश्विक स्तर पर मान्यता प्राप्त कार्यक्रम के माध्यम से 97 देशों के करीब 1700 स्वास्थ्य पेशेवरों, प्रशासकों और पब्लिक हेल्थ विशेषज्ञों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। कार्यक्रम भारत की पब्लिक हेल्थ डिप्लोमेसी और अंतरराष्ट्रीय ज्ञान आदान-प्रदान के महत्वपूर्ण मंच के रूप में उभरा है। इस अवसर पर प्रो. विवेक लाल ने कहा कि यह पहल सार्वजनिक स्वास्थ्य नेतृत्व प्रशिक्षण के प्रति भारत के समावेशी दृष्टिकोण को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम ने पीजीआईएमईआर की अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक सहयोग और वैश्विक स्वास्थ्य साझेदारी में भूमिका को मजबूत किया है। उन्होंने ‘वसुधैव कुटुंबकम’ की भावना को इस पहल की मूल सोच बताया।

विराज सिंह ने कहा कि पीजीआई देश का एकमात्र मेडिकल संस्थान है, जिसे भारत सरकार के आईटीईसी ढांचे के तहत स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए नेतृत्व और प्रबंधन कार्यक्रम संचालित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम सहभागी देशों को आत्मनिर्भर बनाने और भारत की वैश्विक सॉफ्ट पावर को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रहा है। कार्यक्रम निदेशक प्रो. सोनू गोयल ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में इस पहल ने दुनियाभर में ‘आईपीएचएमडीपी एंबेसडर्स’ का एक मजबूत नेटवर्क तैयार किया है, जो अपने-अपने देशों में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और बेहतर प्रथाओं को लागू करने की दिशा में कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पब्लिक हेल्थ नेतृत्व प्रशिक्षण का सफल मॉडल बन चुका है। 33वें संस्करण में प्रवेश कर चुका यह कार्यक्रम देशों के बीच सहयोग बढ़ाने और वैश्विक स्वास्थ्य सुधार की साझा सोच को आगे बढ़ाने का कार्य जारी रखेगा।

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