NDLS Mega Project: नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से शिफ्ट होंगी 50 से ज्यादा ट्रेनें, अब बिजवासन से शुरू होगा सफर
May 24, 2026 4:49 PM
नई दिल्ली। अगर आप अक्सर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से सफर करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। राष्ट्रीय राजधानी के मुख्य रेलवे ढांचे को वैश्विक स्तर का बनाने के लिए भारतीय रेलवे एक अभूतपूर्व कदम उठाने जा रहा है। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास की जमीनी तैयारियां अब अंतिम चरण में हैं। इस महत्वाकांक्षी परियोजना को अमलीजामा पहनाने के लिए स्टेशन पर ट्रेनों का दबाव कम करना अनिवार्य है। यही वजह है कि रेलवे प्रशासन ने नई दिल्ली से संचालित होने वाली करीब 50 से ज्यादा ट्रेनों को दूसरे टर्मिनलों पर स्थानांतरित करने की योजना बनाई है। इस पूरी कवायद का केंद्र बिंदु द्वारका के पास बन रहा बिजवासन रेलवे टर्मिनल होगा, जो आने वाले दिनों में दिल्ली के रेल नेटवर्क का एक नया पावरहाउस बनकर उभरेगा।
प्लेटफॉर्म वाइज थमेगी रफ्तार; तीन चरणों में चलेगा री-डेवलपमेंट का काम
रेलवे के आला अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, अगले 4 से 5 महीनों के भीतर नई दिल्ली स्टेशन के प्लेटफॉर्म्स पर निर्माण कार्य का पहला हथौड़ा चल जाएगा। स्टेशन के कामकाज को पूरी तरह ठप किए बिना काम को पूरा करने के लिए रेलवे ने इसे तीन चरणों में बांटा है:
पहला चरण: सबसे पहले प्लेटफॉर्म नंबर 1 से 5 को बंद कर वहां काम शुरू किया जाएगा। इस दौरान यहां से चलने वाली शुरुआती 25 ट्रेनों को शिफ्ट किया जाएगा।
दूसरा चरण: इसके बाद प्लेटफॉर्म नंबर 6 से 10 को निर्माण के दायरे में लिया जाएगा और संबंधित ट्रेनों के रूट बदले जाएंगे।
अंतिम चरण: सबसे आखिरी में प्लेटफॉर्म नंबर 11 से 16 पर आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का काम शुरू होगा।
ट्रेनों के इस अस्थायी स्थानांतरण से नई दिल्ली स्टेशन पर भीड़ नियंत्रित रहेगी और निर्माण कार्य बिना किसी बाधा के चौबीसों घंटे चल सकेगा।
एयरपोर्ट जैसी सहूलियतें और बेहतरीन कनेक्टिविटी; ऐसा होगा बिजवासन टर्मिनल
रेलवे का नया वर्ल्ड क्लास हब:
नई दिल्ली स्टेशन का लोड कम करने के लिए तैयार किया जा रहा बिजवासन टर्मिनल महज एक साधारण स्टेशन नहीं होगा। इसे हूबहू किसी आधुनिक एयरपोर्ट की तर्ज पर विकसित किया जा रहा है। अक्टूबर 2026 तक पूरी तरह चालू होने वाले इस टर्मिनल पर कुल 7 प्लेटफॉर्म होंगे, जो रोजाना 50 से अधिक ट्रेनों की आवाजाही को बेहद सुगमता से संभालने की क्षमता रखेंगे।
इस टर्मिनल की सबसे बड़ी खासियत इसकी भौगोलिक स्थिति और कनेक्टिविटी है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) हवाई अड्डे के बिल्कुल करीब होने के कारण यह हवाई और रेल सफर को आपस में जोड़ेगा। इसके अलावा, दिल्ली मेट्रो की एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन और द्वारका सेक्टर-21 मेट्रो स्टेशन के बिल्कुल नजदीक होने से यात्रियों को पूरी दिल्ली और एनसीआर से आने-जाने में चंद मिनटों का समय लगेगा। रेलवे की योजना है कि दिल्ली से पश्चिम दिशा (जैसे गुजरात, मुंबई और राजस्थान) की ओर जाने वाली आधी से ज्यादा ट्रेनों को हमेशा के लिए इसी बिजवासन टर्मिनल से संचालित किया जाए।