Breaking News
Magha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं कियाMagha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं किया

Guru Shukra Tri Ekadash Yoga: 13 अप्रैल से चमकेगी इन 3 राशियों की किस्मत, गुरु और शुक्र बनाएंगे दुर्लभ 'त्रिएकादश योग'

AAmandeep Singh
13 अप्रैल से चमकेगी इन 3 राशियों की किस्मत, गुरु और शुक्र बनाएंगे दुर्लभ 'त्रिएकादश योग'
शेयर करें
AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

ज्योतिष। वैदिक ज्योतिष में देवगुरु बृहस्पति को सौभाग्य और ज्ञान का सबसे बड़ा आधार माना जाता है। जब गुरु की कृपा और शुक्र का वैभव एक साथ मिल जाए, तो जातकों के जीवन में सुख-सुविधाओं की बाढ़ आना तय है। साल 2026 अपनी विशिष्ट ग्रहीय चाल के कारण चर्चा में है, क्योंकि इस वर्ष गुरु ‘अतिचार’ गति (तेज चाल) से भ्रमण कर रहे हैं। वर्तमान में मिथुन राशि में मार्गी गुरु और मेष राशि में स्थित शुक्र के बीच बनने वाला ‘त्रिएकादश योग’ 13 अप्रैल से कई राशियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने जा रहा है।

क्यों खास है 13 अप्रैल की तारीख?

विज्ञापन

ज्योतिषीय गणना के अनुसार, 13 अप्रैल को दोपहर करीब 1 बजकर 48 मिनट पर शुक्र और गुरु एक-दूसरे के साथ ठीक 60 डिग्री का कोण बनाएंगे। यह स्थिति ब्रह्मांड में ‘त्रिएकादश योग’ का सृजन करेगी। ज्योतिष के जानकारों का कहना है कि यह योग आर्थिक तंगी दूर करने और लंबे समय से रुके हुए मांगलिक कार्यों को गति देने वाला साबित होगा। विशेषकर उन लोगों के लिए समय श्रेष्ठ है जो शिक्षा, धर्म और बैंकिंग के क्षेत्र से जुड़े हैं।

इन तीन राशियों के लिए खुलेगा तरक्की का रास्ता:

1. वृषभ राशि: प्रमोशन और प्रतिष्ठा का योग

वृषभ राशि के जातकों के लिए शुक्र और गुरु का यह संयोग किसी वरदान से कम नहीं है। कार्यस्थल पर आपकी मेहनत को पहचान मिलेगी और वरिष्ठ अधिकारी आपके सुझावों पर गंभीरता से गौर करेंगे। यदि आप व्यापार में निवेश या नया स्टार्टअप शुरू करने की सोच रहे हैं, तो 13 अप्रैल के बाद का समय अत्यंत लाभकारी है। आर्थिक स्थिति में मजबूती आने के साथ-साथ समाज में आपका रुतबा बढ़ेगा।

2. सिंह राशि: भाग्य का साथ और अचानक धन लाभ

सिंह राशि के जातकों के लिए गुरु 11वें और शुक्र 9वें भाव में अपनी सक्रियता दिखाएंगे। यह स्थिति भाग्य के पूर्ण सहयोग की ओर इशारा करती है। आपको उन स्रोतों से भी धन मिल सकता है जिसकी आपने उम्मीद नहीं की थी। अगर कोई कानूनी विवाद या पुराना कर्ज आपको परेशान कर रहा था, तो इस अवधि में उससे मुक्ति मिल सकती है। अध्यात्म की ओर आपका रुझान बढ़ेगा और लंबी दूरी की यात्राएं फलदायी रहेंगी।

3. धनु राशि: दांपत्य सुख और करियर में उछाल

धनु राशि के जातकों के लिए गुरु का सप्तम भाव में मार्गी होना वैवाहिक जीवन की खटास को खत्म करेगा। जिन लोगों के विवाह में अड़चनें आ रही थीं, उनके लिए 13 अप्रैल के बाद बेहतरीन प्रस्ताव आने के योग हैं। नौकरीपेशा जातकों को पदोन्नति (Promotion) मिल सकती है। गुरु की सातवीं दृष्टि लग्न पर होने के कारण आपकी निर्णय लेने की क्षमता में सुधार होगा और आप आत्मविश्वास के साथ नए प्रोजेक्ट्स को पूरा कर पाएंगे।

विज्ञापन

ज्योतिष की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।