Non Teaching Online Transfer: हरियाणा के स्कूल शिक्षा विभाग में कार्यरत नॉन-टीचिंग कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। राज्य सरकार की मॉडल ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी-2026 के तहत अब गैर-शिक्षण कैडर के कर्मचारियों के भी ऑनलाइन तबादले किए जाएंगे। इस संबंध में शिक्षा निदेशालय ने प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (Haryana School Education Transfer News) और आहरण एवं वितरण अधिकारियों (DDO) को पत्र जारी कर प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दे दिए हैं। नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों को 31 अक्टूबर 2026 तक ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट सिस्टम (HRMS) पोर्टल पर अपनी पूरी जानकारी अपडेट करनी होगी।
गलत जानकारी दी तो दूर-दराज में होगा ट्रांसफर, सिफारिश पर भी रोक
विभाग द्वारा जारी दिशानिर्देशों में साफ किया गया है कि यदि किसी कर्मचारी ने ऑनलाइन ट्रांसफर ड्राइव के दौरान गलत जानकारी दर्ज की, तो उसे सजा के तौर पर ड्राइव से बाहर कर दिया जाएगा और राज्य के किसी बेहद दूरस्थ इलाके में तैनात कर दिया जाएगा। इसके अलावा तबादले के लिए किसी भी तरह की राजनीतिक या प्रशासनिक सिफारिश करवाने पर भी सख्त पाबंदी रहेगी।
हालांकि, जिन कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति में एक वर्ष से कम समय बचा है, उन्हें उनकी लिखित सहमति के बिना स्थानांतरित नहीं किया जाएगा। गौरतलब है कि प्रदेश में नॉन-टीचिंग कैडर के 8,596 स्वीकृत पदों पर फिलहाल 5,168 कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं।
सुरक्षित श्रेणी के कर्मचारियों को मिलेगा विशेष लाभ
पॉलिसी में राहत देते हुए गंभीर परिस्थितियों से जूझ रहे कर्मचारियों को ‘सुरक्षित श्रेणी’ (HRMS Haryana Portal Update में रखा गया है। इसमें डेढ़ साल से कम सेवा वाले कर्मचारी, कैंसर, डायलिसिस, बायपास सर्जरी या ऑर्गन ट्रांसप्लांट के मरीज, 70 प्रतिशत से अधिक दिव्यांग और 10 साल तक के बच्चे वाली विधवा महिलाएं शामिल हैं।
इन कर्मचारियों को पूरे 120 मेरिट प्वाइंट्स दिए जाएंगे और इनकी सहमति के बिना इन्हें सरप्लस बताकर हटाया नहीं जाएगा। यदि किसी कार्यालय में तय संख्या से अधिक स्टाफ कार्यरत है, तो सबसे लंबे समय से टिके कर्मचारी को सरप्लस मानकर ऑनलाइन ट्रांसफर प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा।
पोर्टल पर आंकड़ों की विसंगति पर कड़ा संज्ञान, DDO पर होगी सीधी कार्रवाई
शिक्षा विभाग की आईटी सेल ने पाया कि सहायक, क्लर्क, उप-अधीक्षक, ड्राइवर, लैब अटेंडेंट और स्टेनो-टाइपिस्ट जैसे पदों के आंकड़े HRMS और MIS पोर्टल पर मेल नहीं खा रहे हैं। इस गड़बड़ी पर माध्यमिक शिक्षा महानिदेशक कार्यालय ने कड़ा संज्ञान लेते हुए SCERT गुरुग्राम और सभी DEO को दो दिनों के भीतर सही विवरण भिजवाने का अल्टीमेटम दिया है। (Haryana Online Transfer Drive 2026) विभाग ने स्पष्ट किया है कि पोर्टल पर किसी भी बदलाव की पूरी जिम्मेदारी संबंधित DDO की होगी और अनधिकृत एंट्री पाए जाने पर सर्विस रूल्स के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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