हिसार। हिसार के मॉडल टाउन की गलियों में आज जश्न का माहौल है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा घोषित जेईई मेन्स के नतीजों में यहाँ के अर्नव गांधी ने अपनी मेधा का लोहा मनवाया है। अर्नव ने 300 में से 295 अंकों के साथ 100 पर्सेंटाइल हासिल कर ऑल इंडिया रैंक-22 प्राप्त की है। अर्नव की इस ऐतिहासिक सफलता ने उन्हें हरियाणा का टॉपर बना दिया है। अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और गुरुजनों को देते हुए अर्नव ने साबित कर दिया कि अगर लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत अटूट, तो मंजिल मिल ही जाती है।
डॉक्टर माता-पिता का इंजीनियर बेटा: बचपन से ही था पढ़ाई का जुनून
अर्नव गांधी एक शिक्षित और प्रतिष्ठित परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उनके माता और पिता, दोनों ही चिकित्सा क्षेत्र (डॉक्टर) से जुड़े हैं। अर्नव की शुरुआती शिक्षा हिसार में ही हुई, जहाँ 10वीं तक उन्होंने अपनी प्रतिभा की चमक बिखेरी। उच्च शिक्षा के लिए उन्होंने पंचकूला के भवन विद्यालय का रुख किया और साथ ही श्री चैतन्य इंस्टीट्यूट से जेईई की बारीकियां सीखीं। अर्नव बताते हैं कि उनका सपना देश के प्रतिष्ठित संस्थान आईआईटी बॉम्बे (IIT Bombay) से कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग करने का है, और अब उनका पूरा ध्यान जेईई एडवांस (JEE Advanced) पर है।
अनुशासन और त्याग: मोबाइल से दूरी ने दिलाई ‘टॉपर’ की कुर्सी
आज के दौर में जहाँ युवा तकनीक और सोशल मीडिया के जाल में उलझे हैं, वहीं अर्नव के परिवार ने एक सख्त अनुशासन बनाए रखा। परिजनों के अनुसार, अर्नव को तैयारी के दौरान मोबाइल फोन से पूरी तरह दूर रखा गया ताकि उनका ध्यान लक्ष्य से न भटके। अर्नव रोजाना 6 से 8 घंटे सघन पढ़ाई करते थे। उनकी माँ ने बताया कि अर्नव ने कभी भी पढ़ाई को बोझ नहीं समझा, बल्कि उसे एक चुनौती की तरह लिया। यही कारण है कि आज उनकी सफलता की गूँज पूरे प्रदेश में सुनाई दे रही है।
श्री चैतन्य संस्थान का दबदबा: अन्य छात्रों ने भी गाड़े सफलता के झंडे
अर्नव की इस सफलता में उनके कोचिंग संस्थान ‘श्री चैतन्य’ की भी अहम भूमिका रही है। संस्थान के केवल अर्नव ही नहीं, बल्कि कई अन्य सितारों ने भी टॉप-100 में जगह बनाई है। आरुष सिंघल ने AIR-8 के साथ संस्थान और प्रदेश का गौरव बढ़ाया, वहीं निष्कर्ष वर्मा ने 46वीं और यजत सिंघल ने 100वीं रैंक हासिल कर अपनी प्रतिभा साबित की। इन मेधावियों की सफलता ने आगामी परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए प्रेरणा का एक नया मानक स्थापित कर दिया है।

