जींद। भारतीय रेल को पूरी तरह प्रदूषण मुक्त और आधुनिक बनाने के सफर में एक और सुनहरी कड़ी जुड़ गई है। देश की पहली हाइड्रोजन ईंधन से चलने वाली ट्रेन का शुक्रवार को हरियाणा के जींद में एक और बेहद महत्वपूर्ण ट्रायल सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। ठीक एक महीने के अंतराल के बाद हुए इस दूसरे परीक्षण के दौरान ट्रेन को जींद जंक्शन से सुबह करीब 10:30 बजे रवाना किया गया। यह ट्रेन भंभेवा स्टेशन तक गई और वहां से अपनी तकनीकी बारीकियों को परखते हुए दोपहर करीब 1:30 बजे वापस जींद जंक्शन लौट आई।
75 किलोमीटर की स्पीड से तय किया सफर, पिंडारा में रुकी ट्रेन
जींद से भंभेवा के इस रूट पर ट्रेन को करीब 75 किलोमीटर प्रति घंटे की अधिकतम रफ्तार से दौड़ाकर ट्रैक और इंजन की क्षमता को जांचा गया। इस यात्रा के दौरान ट्रेन के रास्ते में जींद सिटी, पिंडारा और ललित खेड़ा रेलवे स्टेशन आए। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, जाते समय ट्रेन बिना रुके सीधे भंभेवा पहुंची, लेकिन वापसी के सफर में सुरक्षा मानकों के तहत पिंडारा स्टेशन पर कुछ देर के लिए रोका गया। यहां विशेष रूप से नए अत्याधुनिक रूट सिग्नलों की कार्यप्रणाली और ट्रेन के तालमेल की बारीकी से जांच की गई।
शकूरबस्ती शेड में होगी आखिरी ट्यूनिंग, जून में मिल सकती है हरी झंडी
रेलवे बोर्ड पहले ही इस महत्वाकांक्षी परियोजना के संचालन को अपनी आधिकारिक मंजूरी दे चुका है। इस सफल ट्रायल के तुरंत बाद अब ट्रेन को अंतिम तकनीकी मरम्मत, बारीकियों को सुधारने और फाइनल इंस्पेक्शन के लिए दिल्ली के शकूरबस्ती लोको शेड भेजा जा रहा है। शकूरबस्ती से हरी झंडी मिलकर जैसे ही यह रैक वापस जींद पहुंचेगा, इसके उद्घाटन की तारीख का आधिकारिक ऐलान कर दिया जाएगा। रेलवे सूत्रों का दावा है कि सब कुछ ठीक रहा तो जून 2026 के मध्य तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस देश की पहली पर्यावरण मित्र ट्रेन को देश को समर्पित कर सकते हैं।
प्रदूषण से मिलेगी मुक्ति, आम यात्रियों का सफर होगा आरामदायक
डीजल और बिजली इंजनों के मुकाबले हाइड्रोजन से चलने वाली यह ट्रेन पूरी तरह से शून्य कार्बन उत्सर्जन (Zero Carbon Emission) के सिद्धांत पर काम करती है। इससे न केवल पर्यावरण को फायदा होगा बल्कि कुरुक्षेत्र, जींद और आसपास के जिलों के दैनिक यात्रियों को एक बेहद शांत, वाइब्रेशन-मुक्त और आरामदायक सफर का अनुभव मिलेगा। इस ट्रेन के नियमित चलने से कुरुक्षेत्र-जींद रेल मार्ग देश के सबसे उन्नत रेल मार्गों की सूची में शुमार हो जाएगा।

