Jind Kidnapping: त्यौहारों की चमक और उल्लास के बीच हरियाणा के जींद शहर से एक ऐसी खौफनाक वारदात सामने आई है जो इंसानियत को शर्मसार कर दे। (Jind Police Station Women Cell) जींद शहर थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक परिवार की दो मासूम और नाबालिग बेटियां, जो स्कूल में पढ़ती हैं, सोमवार (19 अक्टूबर) की सुबह घर से बाहर निकली थीं लेकिन कुछ ही देर में उनके साथ जो हुआ उसने पूरे इलाके को सन्न कर दिया। दुर्गा पूजा के पावन अवसर पर कुछ मनचलों ने इन दोनों बहनों को अपनी कार में जबरन अगवा कर लिया और चार घंटे तक उन्हें शहर की सड़कों पर घुमाते हुए उनके साथ घिनौनी हरकतें कीं।
घटना के सामने आने के बाद से न केवल पीड़ित परिवार सदमे में है, बल्कि स्थानीय लोगों में भी भारी आक्रोश व्याप्त है। पुलिस ने पिता की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
चार घंटे तक कार में बंधक बनाकर सहती रहीं जुल्म
पीड़ित पिता ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनकी दोनों बेटियां नाबालिग हैं और पढ़ाई करती हैं। सोमवार की सुबह करीब पौने दस बजे उन्हें पता चला कि उनकी दोनों बेटियां घर के पास नहीं हैं और कार सवार कुछ संदिग्ध युवक उन्हें अपने साथ ले गए हैं। यह सुनते ही परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। घबराए परिजनों ने अपने स्तर पर आसपास और परिचितों के यहां उनकी तलाश शुरू कर दी।
करीब चार घंटे के लंबे इंतजार और खौफ के बाद दोपहर करीब दो बजे दोनों बहनें किसी तरह घर के पास गली में बदहवास हालत में मिल गईं। दोनों बच्चियां इस कदर डरी और सहमी हुई थीं कि शुरुआत में वे ठीक से बोल भी नहीं पा रही थीं। जब मां-बाप ने उन्हें ढांढस बंधाया, तो उन्होंने रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई।
मासूम बच्चियों ने बताया कि हन्नी, बादल और ललित नाम के तीन युवक उन्हें जबरन कार में डालकर ले गए थे। इन चार घंटों के दौरान आरोपियों ने कार के भीतर ही उनके साथ गंभीर छेड़खानी और अश्लील हरकतें कीं। बेटियों के मुंह से यह दर्दनाक दास्तान सुनकर माता-पिता के होश उड़ गए।
पुलिस जांच में जुटी, आरोपियों की तलाश में दबिश
परिवार तुरंत पीड़िताओं को लेकर महिला थाने पहुंचा और आपबीती पुलिस अधिकारियों के सामने रखी। मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला थाना प्रभारी पूजा ने तुरंत एक्शन लेते हुए आरोपी हन्नी, बादल और ललित के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया।
प्रारंभिक पूछताछ के संबंध में पुलिस का कहना है कि बच्चियों की मानसिक स्थिति और डर के कारण वे फिलहाल यह स्पष्ट रूप से नहीं बता पाई हैं कि आरोपी किस नंबर की या किस मॉडल की कार में सवार थे और इन चार घंटों के दौरान वे उन्हें किन-किन इलाकों में लेकर गए थे। पुलिस अब आसपास के रास्तों के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपियों के रूट का पता चल सके। (Jind Crime News Today) थाना प्रभारी ने आश्वासन दिया है कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उनके पकड़े जाने के बाद ही इस जघन्य अपराध की पूरी परतें खुलकर सामने आ सकेंगी।

