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Kaithal Sanitation Strike: कैथल में सफाई व्यवस्था ठप: वादों की 'फाइल' में अटकी 800 कर्मचारियों की तनख्वाह

GGaganpreet Kaur
कैथल में सफाई व्यवस्था ठप: वादों की 'फाइल' में अटकी 800 कर्मचारियों की तनख्वाह
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कैथल । हरियाणा सरकार और सफाई कर्मचारियों के बीच का टकराव अब सड़कों पर आ गया है। कैथल जिले के करीब 800 सफाई कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर आर-पार की लड़ाई का बिगुल फूंक दिया है। पिछले पांच दिनों से सांकेतिक प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने अब दो दिन की पूर्ण हड़ताल शुरू कर दी है। गुरुवार सुबह से ही कैथल नगर परिषद के बाहर कर्मचारियों का जमघट लगा रहा, जहां सरकार विरोधी नारेबाजी के बीच काम पूरी तरह बंद रखा गया।

घोषणा और हकीकत का अंतर: 27 हजार वेतन का इंतजार

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नगरपालिका कर्मचारी संघ के नेताओं का गुस्सा सीधे तौर पर सरकार की वादाखिलाफी को लेकर है। संघ के राज्य जॉइंट सेक्रेटरी विक्की टांक और जिला प्रधान गौरव टांक ने बताया कि नवंबर 2024 में जींद की रैली के दौरान मुख्यमंत्री ने शहरी सफाई कर्मचारियों का वेतन बढ़ाकर 27 हजार रुपये करने का ऐलान किया था। विडंबना यह है कि महीनों बीत जाने के बाद भी यह घोषणा केवल कागजों तक सीमित है। कर्मचारियों का कहना है कि महंगाई के इस दौर में पुराने वेतन पर गुजारा करना अब मुमकिन नहीं रह गया है।

पक्की नौकरी का ‘पेच’ और बढ़ती नाराजगी

वेतन के अलावा कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने का मुद्दा भी आग में घी डालने का काम कर रहा है। कर्मचारी नेताओं के मुताबिक, 2023 में सरकार ने पे-रोल के कर्मचारियों को पक्का करने के लिए कमेटी बनाने का पत्र जारी किया था। लेकिन जमीनी स्तर पर आज तक एक भी कर्मचारी को इसका लाभ नहीं मिला। कर्मचारियों का आरोप है कि सरकार जानबूझकर प्रक्रियाओं को उलझा रही है, जिससे उनके भविष्य पर तलवार लटकी हुई है।

शहर में कूड़े का अंबार, अनिश्चितकालीन हड़ताल की आहट

हड़ताल के चलते कैथल शहर सहित पूंडरी, चीका और कलायत में सफाई व्यवस्था का बुरा हाल है। मुख्य चौराहों और डंपिंग पॉइंट्स पर गंदगी के ढेर लग गए हैं, जिससे उठने वाली सड़न ने आम जनता की मुश्किल बढ़ा दी है। विक्की टांक ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि अगले दो दिनों में उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो यह हड़ताल अनिश्चितकालीन में बदल जाएगी। अगर ऐसा होता है, तो शहर की बिगड़ती सेहत और अव्यवस्था के लिए पूरी तरह शासन-प्रशासन जिम्मेदार होगा।

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