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Kurukshetra Triple Suicide: कुरुक्षेत्र में दिल दहला देने वाली वारदात: 3 साल की बीमार बच्ची संग माता-पिता ने लगाई फांसी

AAmandeep Singh
कुरुक्षेत्र में दिल दहला देने वाली वारदात: 3 साल की बीमार बच्ची संग माता-पिता ने लगाई फांसी
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कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र की प्रेम नगर कॉलोनी में सोमवार की सुबह खुशियों की जगह चीख-पुकार और मातम लेकर आई। पंजाब पुलिस के रिटायर्ड कर्मी स्वर्गीय महेंद्र सिंह के बेटे जतिंद्र कुमार (30) ने अपनी पत्नी मंजू (28) और मात्र 3 साल की मासूम बेटी अदविका के साथ फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली।

सुबह करीब 6:30 बजे जब इस सामूहिक आत्महत्या की खबर सुभाष मंडी चौकी पुलिस तक पहुंची, तो प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जब दरवाजा खोला, तो अंदर का मंजर इतना भयावह था कि देखने वालों की रूह कांप गई। तीनों के शव पंखे के सहारे फंदे पर झूल रहे थे।

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बीमारी की मार और मानसिक तनाव ने छीनीं खुशियां

बताया जा रहा है कि जतिंद्र रेलवे मेल सर्विस में कार्यरत थे और परिवार में सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन उनकी 3 साल की बेटी अदविका काफी समय से किसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थी। बेटी की हालत और उसके इलाज को लेकर दंपति पिछले काफी समय से गहरे मानसिक तनाव में थे।

पड़ोसियों की मानें तो जतिंद्र स्वभाव से शांत थे, लेकिन पिता की मौत के बाद उन पर जिम्मेदारियों और मानसिक पीड़ा का बोझ बढ़ गया था। पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें बच्ची की बीमारी और हालातों का जिक्र होने की बात सामने आ रही है, हालांकि पुलिस अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि करने से बच रही है।

6 महीने में बिखर गया पूरा कुनबा, सदमे में बुजुर्ग मां

इस त्रासदी ने एक भरे-पूरे परिवार को पूरी तरह उजाड़ दिया है। जतिंद्र के पिता महेंद्र सिंह की करीब 6 महीने पहले ही मृत्यु हुई थी। परिवार का दूसरा बेटा प्रतीक अपनी पत्नी और बच्चों के साथ कनाडा में सैटल है। अब इस घर में जतिंद्र की बुजुर्ग मां बिमला देवी अकेली रह गई हैं, जिनके सिर पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

थाना कृष्णा गेट के एसएचओ बलजीत सिंह ने बताया कि पुलिस ने साक्ष्यों को सुरक्षित कर लिया है और शवों को एलएनजेपी अस्पताल के शवगृह में पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया गया है। फिलहाल पुलिस सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग और अन्य तकनीकी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है ताकि मौत की असल वजह साफ हो सके।

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