Kurukshetra Gurudwara Patshahi Chhati: धर्मनगरी कुरुक्षेत्र स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब पातशाही छठी में इन दिनों आध्यात्मिक और सेवा का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। श्री अकाल तख्त साहिब के सृजनहार, मीरी-पीरी के मालिक धन-धन श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी महाराज के प्रकाश उत्सव समागम के चौथे दिन शनिवार को आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा।
इस पावन मौके पर न केवल हरियाणा बल्कि दिल्ली और मध्य प्रदेश जैसे दूर-दराज के राज्यों से भी संगत गुरु घर में शीश नवाने और आशीर्वाद लेने पहुंची। शनिवार सुबह श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी महाराज के श्री अखंड पाठ साहिब की दूसरी लड़ी के मध्य भोग डाले गए, जिसके बाद पूर्व हेड ग्रंथी भाई गुरदास सिंह ने गुरु चरणों में हाजिरी लगाते हुए सरबत के भले की अरदास की।
व्यवस्थाओं पर एचएसजीएमसी की पैनी नजर, अधिकारियों को मिले कड़े निर्देश
समागम के दौरान भीषण गर्मी और भारी भीड़ को देखते हुए हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (HSGMC) का पूरा प्रशासनिक अमला जमीन पर मुस्तैद दिखा। कमेटी के प्रधान जत्थेदार जगदीश सिंह झींडा, सदस्य बीबी जसबीर कौर मसाना, इंद्रजीत सिंह और सुखजिंदर सिंह मसाना खुद पूरी व्यवस्था का जायजा लेते नजर आए।
संगत को किसी भी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए एचएसजीएमसी के मुख्य सचिव जसविंदर सिंह दीनपुर, एडिशनल सेक्रेटरी राजपाल सिंह दुनिया माजरा, नरेंद्र सिंह, सतपाल सिंह डाचर और मेला प्रबंधक जज सिंह सहित मैनेजर हरमीत सिंह लगातार कर्मचारियों के साथ तालमेल बिठाकर पार्किंग, लंगर और रिहाइश के इंतजाम दुरुस्त करते रहे।
समर्थ अस्पताल का सराहनीय कदम: मुफ्त जांच के साथ बांटी गईं दवाइयां, डॉक्टर सम्मानित

धार्मिक समागम के सामाजिक सरोकारों को निभाते हुए समर्थ हॉस्पिटल की ओर से गुरुद्वारा परिसर में एक विशाल स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। अस्पताल के संचालक डॉ. इंद्रजीत सिंह ने अपनी विशेषज्ञ टीम के साथ सुबह से लेकर देर शाम तक सैकड़ों मरीजों के स्वास्थ्य की जांच की।
शिविर में न केवल ब्लड प्रेशर, शुगर जैसे जरूरी टेस्ट मुफ्त किए गए, बल्कि जरूरतमंदों को निशुल्क दवाइयां भी दी गईं। मानव सेवा के इस अनुकरणीय कार्य के लिए हरियाणा कमेटी के पदाधिकारियों ने डॉ. इंद्रजीत सिंह और उनकी मेडिकल टीम को विशेष रूप से सम्मानित किया।
कार सेवा और दस्तार प्रशिक्षण ने जीता दिल, पकवानों के साथ नींबू पानी की छबील
गुरुद्वारा परिसर में संत महापुरुष बाबा अमरीक सिंह जी कार सेवा वालों की ओर से संगत के लिए विशेष पकवानों के स्टाल लगाए गए। वहीं, उमस और गर्मी से राहत देने के लिए सुबह से शाम तक जलजीरे, नींबू पानी और ठंडे शरबत की छबीलें लगातार जारी रहीं।
इस समागम का एक और खूबसूरत पहलू ‘श्री गुरु तेग बहादुर जी सेवक जत्था’ द्वारा लगाया गया दस्तार प्रशिक्षण शिविर रहा। ‘दस्तार मेरी पहचान’ थीम पर आधारित इस कैंप में बच्चों और युवाओं को सिख कौम की आन-बान-शान कही जाने वाली दस्तार (पगड़ी) को बेहद खूबसूरत और पारंपरिक तरीके से सजाने के गुर सिखाए जा रहे हैं, जिसमें बच्चे भारी उत्साह के साथ भाग ले रहे हैं।

