Breaking News
Magha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं कियाMagha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं किया

Punjab News: लुधियाना में राइस मिल पर रेड, कृषि विभाग ने 252 क्विंटल सब्सिडी वाली यूरिया खाद बरामद की, मालिक समेत तीन पर केस

VVinita Kohli
Punjab News: लुधियाना में राइस मिल पर रेड, कृषि विभाग ने 252 क्विंटल सब्सिडी वाली यूरिया खाद बरामद की, मालिक समेत तीन पर केस
शेयर करें
AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

लुधियाना: पंजाब के लुधियाना जिले के जगराओं में कृषि विभाग ने सब्सिडी वाली यूरिया खाद की कथित कालाबाजारी का बड़ा खुलासा किया है। गांव गोरसिया मक्खन रोड स्थित खुदाई चक्क की एक राइस मिल पर छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने 560 बैग यूरिया खाद बरामद की, जिसका कुल वजन 252 क्विंटल बताया गया है। प्रशासन का आरोप है कि यह खाद किसानों तक पहुंचने के बजाय अवैध तरीके से स्टोर की गई थी। मामले में पुलिस ने राइस मिल मालिक अभिषेक कुमार समेत तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

कृषि विभाग की टीम ने गुप्त सूचना मिलने के बाद श्री शाम राइस मिल में छापा मारा। कार्रवाई खेतिबाड़ी विकास अफसर-कम-खाद निरीक्षक सिधवां बेट हर्ष कुमार की शिकायत पर की गई। जांच के दौरान कृषि अधिकारी रमिंदर सिंह और कृषि विकास अधिकारी अमनदीप शर्मा भी मौके पर मौजूद रहे। पुलिस के अनुसार छापेमारी के समय राइस मिल मालिक अभिषेक कुमार और अमृतपाल सिंह मौके पर मिले थे। अधिकारियों ने मिल परिसर की जांच की तो वहां भारी मात्रा में यूरिया खाद स्टोर पाई गई। इसके बाद दस्तावेजों और खरीद रिकॉर्ड की भी जांच की गई।

विज्ञापन

दस्तावेजों की जांच में सामने आई अनियमितताएं

अधिकारियों ने बताया कि बरामद यूरिया खाद की बिल्टी नंबर 1953 दिनांक 7 मई 2026 को गोयल एंड कंपनी सुनाम द्वारा जारी की गई थी। यह बिल्टी गुरप्रीत सिंह के नाम पर काटी गई थी, जबकि उनके पास रैक से सीधे खाद खरीदने का कोई वैध लाइसेंस नहीं था। जांच में यह भी सामने आया कि जिस फर्म के नाम पर खाद मंगवाई गई थी, उसके पास खाद कारोबार से संबंधित लाइसेंस मौजूद नहीं था। कृषि विभाग ने इस मामले को गंभीर अनियमितता मानते हुए आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की विस्तृत जांच की जा रही है।

राइस मिल में कार्रवाई के बाद कृषि विभाग की टीम ने पंजाब पेस्टीसाइड एंड फर्टिलाइजर, भूंदड़ी में भी छापा मारा। वहां भी बड़ी मात्रा में खाद अवैध रूप से स्टोर किए जाने की बात सामने आई है। विभाग अब यह पता लगाने में जुटा है कि सब्सिडी वाली खाद किस नेटवर्क के जरिए बाजार में पहुंचाई जा रही थी। प्रारंभिक जांच में यह भी दावा किया गया है कि किसानों के हिस्से की खाद को गुप्त तरीके से जमा कर ऊंचे दामों पर बेचने की तैयारी की जा रही थी। विभाग ने कहा कि पूरे मामले में कई लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है।

निजी लाभ के लिए हेराफेरी का आरोप

जांच एजेंसियों के अनुसार राइस मिल मालिक अभिषेक कुमार ने अपने भाई वनीत कुमार के साथ मिलकर निजी लाभ के लिए सब्सिडी वाली यूरिया की कथित हेराफेरी की। मामले में आढ़ती श्री दुर्गा ट्रेडिंग कंपनी और रैक होल्डर गोयल एंड कंपनी सुनाम का नाम भी सामने आया है। कृषि विभाग ने कहा कि यह मामला किसानों के अधिकारों पर सीधा हमला है, क्योंकि सरकार किसानों को राहत देने के लिए सब्सिडी पर खाद उपलब्ध करवाती है। विभाग अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में लगा है ताकि सभी जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जा सके।

थाना सिधवां बेट पुलिस ने राइस मिल मालिक अभिषेक कुमार, वनीत कुमार और प्रवीन कुमार के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है। जांच अधिकारी एएसआई तरसेम सिंह ने बताया कि फिलहाल तीनों आरोपी फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में पूरे नेटवर्क और खाद सप्लाई चैन से जुड़े अन्य लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़ी कार्रवाई हो सकती है।

विज्ञापन

लुधियाना की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।