Breaking News
Magha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं कियाMagha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं किया

Rewari BJP Banner Controversy: रेवाड़ी भाजपा में बवाल: स्थापना दिवस के बैनर से सीएम नायब सैनी और प्रदेशाध्यक्ष बड़ौली 'आउट'

AAmandeep Singh
रेवाड़ी भाजपा में बवाल: स्थापना दिवस के बैनर से सीएम नायब सैनी और प्रदेशाध्यक्ष बड़ौली 'आउट'
शेयर करें
AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

चंडीगढ़। रेवाड़ी में भाजपा का स्थापना दिवस कार्यक्रम उस समय विवादों के घेरे में आ गया, जब कार्यकर्ताओं की नजर मंच के बैकड्रॉप पर पड़ी। बैनर पर एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह की तस्वीर थी, तो दूसरी तरफ रेवाड़ी के विधायक लक्ष्मण यादव, कोसली के विधायक अनिल यादव और बावल से विधायक डॉ. कृष्ण कुमार को जगह दी गई थी। लेकिन हैरानी की बात यह रही कि प्रदेश में सत्ता और संगठन के शीर्ष चेहरों—मुख्यमंत्री नायब सैनी और प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली—के लिए बैनर पर जगह कम पड़ गई।

कार्यकर्ताओं में कानाफूसी, नेताओं ने जताई आपत्ति

विज्ञापन

कार्यक्रम के दौरान ही कई पुराने कार्यकर्ताओं के बीच इस ‘तस्वीर कांड’ को लेकर कानाफूसी शुरू हो गई। भाजपा के ही कुछ निष्ठावान नेताओं का मानना है कि यह कोई तकनीकी गलती नहीं, बल्कि जानबूझकर की गई अनदेखी है। नाम न छापने की शर्त पर एक वरिष्ठ नेता ने कहा, “जब जिला संगठन बैनर छपवाता है, तो प्रोटोकॉल का पालन करना अनिवार्य होता है। सीएम और प्रदेशाध्यक्ष की फोटो गायब होना संगठन की साख को बट्टा लगाने जैसा है।”

राव इंद्रजीत की मौजूदगी और बदली हुई सियासी फिजा

केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे और अध्यक्षता जिलाध्यक्ष डॉ. वंदना पोपली कर रही थीं। रेवाड़ी की राजनीति में अक्सर ‘राव बनाम संगठन’ की जंग देखने को मिलती रही है। जानकारों का कहना है कि जिस तरह से बैनर पर केवल स्थानीय चेहरों और राव इंद्रजीत को प्राथमिकता दी गई, वह रेवाड़ी भाजपा के भीतर चल रही अपनी ‘स्वतंत्र सत्ता’ की ओर इशारा करता है।

अनुशासनात्मक कार्रवाई की लटकी तलवार

मिली जानकारी के मुताबिक, इस मामले की गूंज चंडीगढ़ तक पहुंच चुकी है। भाजपा के कुछ पदाधिकारियों ने बाकायदा फोटो और वीडियो के साथ मुख्यमंत्री कार्यालय और प्रदेश नेतृत्व को शिकायत भेजी है। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि संगठन इसे ‘गंभीर अनुशासनहीनता’ मान रहा है। आगामी दिनों में जिला संगठन से इस ‘बड़ी चूक’ पर लिखित स्पष्टीकरण मांगा जा सकता है।

जहाँ एक ओर भाजपा 12 अप्रैल तक ‘बस्ती चलो’ अभियान के तहत संगठन को मजबूत करने का दावा कर रही है, वहीं रेवाड़ी की यह तस्वीर बता रही है कि संगठन के भीतर की ‘दरारें’ भरने के लिए अभी काफी मशक्कत की जरूरत है।

विज्ञापन

चंडीगढ़ की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।