Sarabjit Kaur Husband Case Lahore : भारत से पाकिस्तान पहुंची पंजाबी महिला सरबजीत कौर का मामला अब कानूनी पेंच में उलझता जा रहा है। सरबजीत के पाकिस्तानी पति नासिर हुसैन की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। लाहौर की एक फैमिली कोर्ट ने नासिर हुसैन के खिलाफ उनकी पहली पत्नी साइमा नासिर की ओर से दायर की गई प्राइवेट शिकायत को स्वीकार कर लिया है। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए नासिर को नोटिस जारी किया है और आगामी 10 नवंबर 2026 को कोर्ट में पेश होने का आदेश दिया है।
पहली पत्नी ने लगाए गंभीर आरोप, बच्चों के भत्ते की मांग
साइमा नासिर ने अपने वकील एडवोकेट अली चंगेजी संधू के जरिए 15 अक्टूबर को अदालत में यह शिकायत दर्ज कराई थी। साइमा का आरोप है कि नासिर हुसैन ने उन्हें और उनके चार नाबालिग बच्चों को घर से बेदखल कर दिया है। अदालत में दी गई अर्जी में साइमा ने बच्चों के भत्ते और रहने के लिए घर की मांग करने के साथ-साथ सरबजीत कौर पर भी तीखे आरोप लगाए हैं।
साइमा का कहना है कि सरबजीत उनके घर में पति के साथ रहती है और इससे उनके बच्चों पर बेहद बुरा असर पड़ रहा है। इस मामले में साइमा और उनके भाई मुहम्मद नदीम ने अदालत में बतौर गवाह अपने बयान दर्ज करा दिए हैं।
बिना इजाजत दूसरी शादी पर क्या कहता है पाकिस्तानी कानून
कानूनी जानकारों और साइमा के वकील के मुताबिक, पाकिस्तान में बिना अनुमति दूसरी शादी करना कानूनी अपराध की श्रेणी में आता है। पाकिस्तान के मुस्लिम फैमिली लॉज ऑर्डिनेंस, 1961 की धारा 6(5) के तहत यह अनिवार्य है कि कोई भी व्यक्ति दूसरी शादी करने से पहले आर्बिट्रेशन काउंसिल से लिखित अनुमति ले, जिसमें पहली पत्नी की रजामंदी भी शामिल होती है।
यदि नियमों का उल्लंघन पाया जाता है, तो दोषी को एक साल तक की कैद और पांच लाख पाकिस्तानी रुपये तक का जुर्माना भुगतना पड़ सकता है। पहली पत्नी इसी कानूनी प्रावधान के तहत पति के लिए सजा की मांग कर रही है।
सरबजीत कौर की वतन वापसी को लेकर भी कानूनी घेरा
इस पूरे पारिवारिक विवाद के बीच सरबजीत कौर की मुश्किलें भी कम नहीं हैं। उन्हें भारत वापस भेजने यानी डिपोर्ट करने की मांग को लेकर एक अलग याचिका पहले से ही लाहौर हाईकोर्ट में लंबित है। दिलचस्प बात यह है कि हाईकोर्ट में सरबजीत को वापस भेजने की मांग करने वाले करनैल सिंह (जिन्हें सरबजीत का भारतीय पति बताया गया है) के वकील भी एडवोकेट अली चंगेजी संधू ही हैं। फिलहाल सभी की निगाहें 10 नवंबर 2026 पर टिकी हैं, जब लाहौर कोर्ट में नासिर हुसैन के खिलाफ चल रहे इस अनोखे मामले की अगली सुनवाई होगी।

