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अंकिता हत्याकांड की सीबीआई जांच की घोषणा होने तक कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी: कुमारी सैलजा

VVinita Kohli
अंकिता हत्याकांड की सीबीआई जांच की घोषणा होने तक कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी: कुमारी सैलजा
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देहरादून: कांग्रेस महासचिव एवं पार्टी मामलों की उत्तराखंड प्रभारी कुमारी सैलजा ने बृहस्पतिवार को कहा कि अंकिता भंडारी हत्याकांड में ‘वीआईपी’ के खुलासे के लिए जब तक राज्य सरकार केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से मामले की जांच की घोषणा नहीं करती, तब तक उनकी पार्टी चुप नहीं बैठेगी। प्रदेश कांग्रेस की राजनीतिक मामलों की समिति की बैठक में हिस्सा लेने के बाद सैलजा ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि अंकिता हत्याकांड में हुए नए खुलासे से पूरा देश स्तब्ध और आक्रोशित है और न्याय की लड़ाई लड़ने की जिम्मेदारी राजनीतिक दल की होती है जिसे कांग्रेस लड़ेगी। उन्होंने कहा, “जब तक पूरे प्रकरण की जांच उच्चतम न्यायालय के वर्तमान न्यायाधीश की निगरानी में सीबीआई से कराने की घोषणा नहीं होती, तब तक कांग्रेस पार्टी चुप नहीं बैठेगी।” प्रकरण की सीबीआई जांच की मांग को लेकर कांग्रेस समेत तमाम राजनीतिक और सामाजिक संगठन लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं।

सैलजा ने केंद्र सरकार पर मनरेगा की आत्मा को खत्म करने का भी आरोप लगाया और कहा कि यह केवल नाम बदलने का मुद्दा नहीं है बल्कि यह अधिकारों को ख़त्म करने की बात है। उन्होंने कहा, “मनरेगा एक मांग-आधारित रोजगार का कानूनी अधिकार था, जिसमें सरकार काम देने के लिए बाध्य थी जबकि नये कानून में यह एक आपूर्ति-आधारित योजना है, जहां काम की उपलब्धता केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित बजट और मापदंडों पर निर्भर करेगी।” सैलजा ने यह आरोप भी लगाया कि यह बदलाव राज्यों पर भारी वित्तीय बोझ डालेगा जिससे वे काम उपलब्ध कराने के प्रति हतोत्साहित होंगे। उन्होंने बताया कि पूरे देश में इन बदलावों को लेकर विरोध किया जाएगा जिसके तहत उत्तराखंड में 10 जनवरी को जिलास्तर पर प्रेस वार्ता होगी, 11 जनवरी को महात्मा गांधी या बाबा साहेबा आंबेडकर की प्रतिमा के समक्ष धरना होगा और 12 जनवरी से 28 फरवरी तक चरणबद्ध तरीके से पंचायत स्तर पर चौपालों का आयोजन किया जाएगा।

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