Breaking News
Palwal Gadariya Samaj Mahapanchayat: पलवल में गड़रिया समाज की महापंचायत का ऐतिहासिक फैसला, शादी में शराब, डीजे और मृत्यु भोज पर पूर्ण प्रतिबंधHaryana News: हरियाणा में सड़कों से हटाए जा रहे बेकार बिजली के खंभे, नायब सरकार के अभियान से सुगम होगी राहNarnaul City News: मां चामुंडा देवी मंदिर में महा नवमी पर भव्य मेला और चुन्नी यात्रा का आयोजन, सजेगा मां का दरबार, अर्पित किया जाएगा छप्पन भोगUttarakhand News: ‘विकसित उत्तराखंड’ संवाद में बोले सीएम धामी- 5 वर्षों में 1700 के पार पहुंची राज्य में स्टार्टअप्स की संख्याAteli Mandi: अटेली कॉलेज में सजा पुरानी यादों का कारवां, बरसों बाद मिले सहपाठियों ने ताजा किए कॉलेज के सुनहरे दिनPalwal Gadariya Samaj Mahapanchayat: पलवल में गड़रिया समाज की महापंचायत का ऐतिहासिक फैसला, शादी में शराब, डीजे और मृत्यु भोज पर पूर्ण प्रतिबंधHaryana News: हरियाणा में सड़कों से हटाए जा रहे बेकार बिजली के खंभे, नायब सरकार के अभियान से सुगम होगी राहNarnaul City News: मां चामुंडा देवी मंदिर में महा नवमी पर भव्य मेला और चुन्नी यात्रा का आयोजन, सजेगा मां का दरबार, अर्पित किया जाएगा छप्पन भोगUttarakhand News: ‘विकसित उत्तराखंड’ संवाद में बोले सीएम धामी- 5 वर्षों में 1700 के पार पहुंची राज्य में स्टार्टअप्स की संख्याAteli Mandi: अटेली कॉलेज में सजा पुरानी यादों का कारवां, बरसों बाद मिले सहपाठियों ने ताजा किए कॉलेज के सुनहरे दिन

Ateli Mandi News: झंडा चौक पर रामलीला का रोमांचक मंचन, बाली वध से लेकर लंका दहन के दृश्यों ने मोहा दर्शकों का मन, गूंजे जय श्रीराम के नारे

ppravesh kaushik
शेयर करें
Ateli Mandi News: झंडा चौक पर रामलीला का रोमांचक मंचन, बाली वध से लेकर लंका दहन के दृश्यों ने मोहा दर्शकों का मन, गूंजे जय श्रीराम के नारे

झंडा चौक पर रामलीला का रोमांचक मंचन, बाली वध से लेकर लंका दहन के दृश्यों ने मोहा दर्शकों का मन, गूंजे जय श्रीराम के नारे

AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

Ateli Mandi News: झंडा चौक पर श्री शिव रामलीला समिति द्वारा आयोजित रामलीला के 12वें दिन का मंचन दर्शकों के लिए यादगार बन गया। बाली वध से शुरू हुई लीला जब लंका दहन तक पहुंची तो मंच के सामने बैठी भीड़ खड़ी होकर जय श्रीराम के नारे लगाने लगी। आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु लीला देखने पहुंचे थे।

लीला की शुरुआत उस प्रसंग से हुई, जब सुग्रीव अपने भाई बाली से पराजित होकर श्रीराम की शरण में पहुंचे। श्रीराम ने मित्रता निभाते हुए पेड़ की ओट से बाण चलाकर बाली का अंत किया। इसके बाद सुग्रीव को पंपापुर का राजा बनाया गया और अंगद को युवराज की पदवी दी गई। राजसुख में डूबे सुग्रीव को लक्ष्मण ने उनका वचन याद दिलाया तो उन्होंने तुरंत वानर दलों को चारों दिशाओं में सीता माता की खोज के लिए भेज दिया।

विज्ञापन

समुद्र किनारे संपाती से सूचना मिलते ही हनुमान जी ने विशाल सागर को पार किया और लंका पहुंच गए। विभीषण के बताए मार्ग से वे अशोक वाटिका पहुंचे, जहां उन्होंने माता सीता को श्रीराम की अंगूठी दिखाकर विश्वास दिलाया कि प्रभु उन्हें भूले नहीं हैं। भूख लगने पर हनुमान जी ने वाटिका के फल खाए और पेड़ उखाड़ दिए। रोकने आए रावण पुत्र अक्षय कुमार को उन्होंने मार गिराया।

इसके बाद मेघनाद ने ब्रह्मपाश के सहारे हनुमान जी को बंदी बनाकर रावण की सभा में पेश किया। हनुमान जी ने निर्भीक होकर रावण को सीता जी को लौटाने की नसीहत दी। इससे बौखलाए रावण ने उनकी पूंछ में आग लगवा दी। जलती पूंछ लेकर हनुमान जी लंका की अट्टालिकाओं पर कूदे और पूरी नगरी को आग के हवाले कर दिया। मंच पर आग और धुएं के दृश्य ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया।

लीला के अंत में चूड़ामणि लेकर लौटे हनुमान जी का रामदल ने जोरदार स्वागत किया।
कलाकारों में बाली की भूमिका अशोक गुप्ता ने, सुग्रीव की वेद प्रकाश भारद्वाज ने और हनुमान जी की भूमिका संजय गुप्ता ने निभाई। संजय गुप्ता के संवाद और हावभाव की दर्शकों ने खुले मन से प्रशंसा की।

इस अवसर पर सरपंच लीलाराम और राहुल गोयल ने समिति के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि रामलीला केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि हमारी धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने का माध्यम है। इससे युवाओं को श्रीराम के आदर्शों से जुड़ने की प्रेरणा मिलती है।

यह भी देखें – विपक्षी पार्टियां भाजपा द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों से लोगों का ध्यान भटका कर लोगों को भ्रमित कर रही – वरुण श्योरान

ख़बर पसंद आई? शेयर करें
विज्ञापन

नारनौल की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।