चंडीगढ़ में ट्रैफिक से राहत की तैयारी: 4 जगह बनेंगे अंडरपास; डिजिटल मैपिंग शुरू, एक महीने में आएगी रिपोर्ट
चंडीगढ़ में 4 अंडरपास बनाने की तैयारी
Chandigarh Underpass Project: चंडीगढ़ में बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच चार प्रमुख जगहों पर अंडरपास बनाने की योजना पर काम शुरू हो गया है। शहर में फ्लाईओवर निर्माण से जुड़ी तकनीकी और कानूनी अड़चनों को देखते हुए प्रशासन अब इन स्थानों पर अंडरपास के विकल्प पर आगे बढ़ रहा है। प्रशासन सबसे पहले चारों प्रस्तावित जगहों का विस्तृत सर्वे कराएगा। इसके लिए एक एजेंसी को जिम्मेदारी दी जा रही है, जो टोपोग्राफिकल सर्वे के साथ डिजिटल मैपिंग करेगी। सर्वे के आधार पर यह पता लगाया जाएगा कि किस स्थान पर अंडरपास का निर्माण तकनीकी रूप से व्यावहारिक रहेगा।
सर्वे करने वाली एजेंसी को रिपोर्ट तैयार करने के लिए एक महीने का समय दिया गया है। इस काम के लिए एजेंसी को 10 लाख रुपए का भुगतान किया जाएगा। सर्वे में सड़क की मौजूदा ऊंचाई, डिवाइडर, फुटपाथ और सर्विस लेन की स्थिति दर्ज की जाएगी। इसके साथ स्ट्रीट लाइट, सीवर और पानी की पाइपलाइनों समेत आसपास मौजूद अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर की भी डिजिटल मैपिंग होगी। डीजीपीएस और टोटल स्टेशन सर्वे के जरिए चारों स्थानों की विस्तृत जानकारी जुटाई जाएगी। रिपोर्ट आने के बाद इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट यह तय करेगा कि अंडरपास का एंट्री और एग्जिट पॉइंट कहां रखा जाए और निर्माण में किन तकनीकी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।
सर्वे के बाद तैयार होगी DPR
एजेंसी की रिपोर्ट मिलने के बाद चंडीगढ़ प्रशासन का इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट चारों अंडरपास की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट यानी DPR तैयार करेगा। इसके बाद डिजाइन तैयार करने और कंसल्टेशन के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। इसी चरण में चंडीगढ़ हेरिटेज कंजर्वेशन डिपार्टमेंट से जरूरी मंजूरियों की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद अर्बन प्लानिंग डिपार्टमेंट से भी अप्रूवल लिया जाएगा।
चंडीगढ़ में भारी ट्रैफिक वाले जंक्शनों पर फ्लाईओवर बनाने की योजना पिछले कई वर्षों से अलग-अलग स्तर पर आगे बढ़ती रही है। सेक्टर-28 और सेक्टर-31 में प्रस्तावित फ्लाईओवर का टेंडर होने के बाद भी हाईकोर्ट के आदेशों के चलते प्रक्रिया रोकनी पड़ी थी। अब प्रशासन ने इन व्यस्त स्थानों पर ट्रैफिक को सिग्नल से अलग रास्ता देने के लिए अंडरपास के विकल्प पर फोकस किया है। इन स्थानों से रोजाना हजारों वाहन गुजरते हैं और पीक आवर्स में सिग्नल पर वाहनों की लंबी कतार लगती है।
प्रस्तावित चार अंडरपास में हाउसिंग बोर्ड चौक का अंडरपास भी शामिल है। इस स्थान पर अंडरपास बनाने का विकल्प चंडीगढ़ मास्टर प्लान-2031 में पहले से रखा गया है। मास्टर प्लान में भविष्य में बढ़ने वाले ट्रैफिक दबाव को देखते हुए यहां अंडरपास की व्यवस्था का प्रावधान किया गया था। अब प्रशासन सर्वे और तकनीकी रिपोर्ट के आधार पर इस योजना को आगे बढ़ाने की तैयारी कर रहा है।
