हरियाणा। हरियाणा के वरिष्ठ नागरिकों के लिए तीर्थ यात्रा को लेकर नई व्यवस्था की गई है। ‘हरियाणा मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना’ के तहत अब पात्र बुजुर्ग श्रद्धालुओं को ट्रेन के माध्यम से देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन करवाए जाएंगे। इसके लिए हरियाणा सरकार और इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (आईआरसीटीसी) के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
चंडीगढ़ में हुए कार्यक्रम में सरकार की ओर से सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के महानिदेशक के. मकरंद पांडुरंग और आईआरसीटीसी की ओर से सर्कल रिजनल मैनेजर हरजोत सिंह संधू ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर शुरू हुई नई व्यवस्था
महानिदेशक के. मकरंद पांडुरंग ने बताया कि प्रदेश सरकार पहले से ही ‘हरियाणा मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना’ चला रही है। इस योजना के तहत अलग-अलग जिलों से हरियाणा परिवहन विभाग की वोल्वो बसों के माध्यम से हजारों बुजुर्ग श्रद्धालुओं को अयोध्या सहित कई तीर्थ स्थलों के निशुल्क दर्शन करवाए जा चुके हैं।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के निर्देश पर अब श्रद्धालुओं के लिए ट्रेन से भी तीर्थ यात्रा की सुविधा शुरू की जा रही है, ताकि अधिक संख्या में लोग इस योजना का लाभ उठा सकें।
इन प्रमुख तीर्थ स्थलों की कराई जाएगी यात्रा
आईआरसीटीसी के साथ हुए समझौते के तहत हरियाणा से अयोध्या, वाराणसी, पटना साहिब, नांदेड़ साहिब, पुष्कर जी, वैष्णो देवी, शिरडी और शनि शिंगणापुर जैसे प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा कराई जाएगी। जरूरत के अनुसार भविष्य में अन्य धार्मिक स्थलों को भी इस सूची में शामिल किया जा सकता है।
सरकार का कहना है कि इससे प्रदेश के बुजुर्ग श्रद्धालुओं को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से धार्मिक स्थलों के दर्शन करने का अवसर मिलेगा।
ट्रेन में खाने-पीने और ठहरने की पूरी व्यवस्था
योजना के तहत चलने वाली ट्रेन में कुल 11 कोच होंगे। इनमें से 10 कोच श्रद्धालुओं के लिए और एक कोच सेवा स्टाफ के लिए निर्धारित रहेगा।
यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के खाने-पीने की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा रेलवे स्टेशन से तीर्थ स्थल तक बसों के माध्यम से पहुंचाने और ठहरने की व्यवस्था भी हरियाणा सरकार की ओर से निशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी।
कौन उठा सकता है योजना का लाभ
‘हरियाणा मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना’ का लाभ 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को दिया जाता है। इसके लिए लाभार्थी की वार्षिक आय 1.80 लाख रुपये से कम होना जरूरी है।
पात्र व्यक्ति योजना का लाभ लेने के लिए सरकार के आधिकारिक पोर्टल पर पंजीकरण कर सकते हैं। पंजीकरण के बाद चयनित श्रद्धालुओं को निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार तीर्थ यात्रा पर भेजा जाता है।

