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Himachal Pradesh News: भूस्खलन से बंद हुआ पठानकोट-भरमौर हाईवे 19 घंटे बाद खुला, बस सेवाओं पर पड़ा असर

VVinita Kohli
Himachal Pradesh News: भूस्खलन से बंद हुआ पठानकोट-भरमौर हाईवे 19 घंटे बाद खुला, बस सेवाओं पर पड़ा असर
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पठानकोट-भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-154ए) को भारी बारिश के कारण हुए भूस्खलन के बाद करीब 19 घंटे की मशक्कत के उपरांत रविवार दोपहर 12:30 बजे यातायात के लिए फिर से खोल दिया गया। चंबा जिले के गेहरा क्षेत्र के पास शनिवार शाम करीब 5 बजे पहाड़ी से बड़ी मात्रा में मलबा और पत्थर सड़क पर गिर गए थे, जिससे राष्ट्रीय राजमार्ग पूरी तरह बंद हो गया। मार्ग बहाल होने से भरमौर, चंबा और आसपास के क्षेत्रों के निवासियों के साथ-साथ यात्रियों को बड़ी राहत मिली है।

गेहरा के पास अचानक हुआ भूस्खलन

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शनिवार शाम मौसम खराब होने के दौरान गेहरा के निकट पहाड़ी क्षेत्र में भूस्खलन की घटना हुई। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी का हिस्सा कमजोर पड़ गया और अचानक भारी मात्रा में मलबा सड़क पर आ गिरा। इसके चलते राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही तत्काल रोकनी पड़ी और सड़क पूरी तरह अवरुद्ध हो गई।

राजमार्ग बंद होने के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। निजी वाहनों, टैक्सियों और बसों में सफर कर रहे सैकड़ों यात्रियों को घंटों तक इंतजार करना पड़ा। कई लोगों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हुईं और उन्हें वैकल्पिक मार्गों तथा अन्य व्यवस्थाओं का सहारा लेना पड़ा।

एनएचएआई ने तुरंत शुरू किया राहत कार्य

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) और संबंधित विभागों ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी। शनिवार रात को ही जेसीबी मशीनें, अन्य भारी उपकरण और कर्मचारियों की टीम मौके पर तैनात कर दी गई। हालांकि सड़क पर जमा मलबे की मात्रा अधिक होने के कारण बहाली कार्य चुनौतीपूर्ण बना रहा।

प्रशासन और विभागीय कर्मचारियों ने पूरी रात लगातार राहत एवं बहाली कार्य जारी रखा। बारिश और पहाड़ी क्षेत्र की परिस्थितियों के बीच मशीनों की मदद से सड़क से पत्थर और मिट्टी हटाई गई। रविवार सुबह तक भी अभियान जारी रहा ताकि मार्ग को सुरक्षित तरीके से दोबारा खोला जा सके।

बस सेवाओं पर भी पड़ा असर

राजमार्ग बंद रहने का असर सार्वजनिक परिवहन पर भी दिखाई दिया। भरमौर, चंबा और अन्य गंतव्यों की ओर जाने वाली बस सेवाएं प्रभावित रहीं। कई यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ा, जबकि कुछ लोगों ने अपनी यात्रा स्थगित कर दी। परिवहन व्यवस्था पर इसका सीधा प्रभाव देखा गया।

लगातार प्रयासों के बाद रविवार दोपहर करीब 12:30 बजे सड़क से मलबा पूरी तरह हटा दिया गया और मार्ग को यातायात के लिए खोल दिया गया। प्रशासन ने लोगों से बरसात के मौसम में पहाड़ी मार्गों पर यात्रा करते समय अतिरिक्त सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों ने सलाह दी है कि यात्रा शुरू करने से पहले मौसम और सड़क की ताजा स्थिति की जानकारी अवश्य प्राप्त करें, ताकि किसी भी संभावित जोखिम से बचा जा सके।

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