Narnaul Update: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की चेयरपर्सन एवं जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. रितु वाई. के. बहल के दिशा-निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी नीलम कुमारी की मौजूदगी में जिला जेल में जेल लोक अदालत का आयोजन किया।
सीजेएम नीलम कुमारी ने कैदियों को संबोधित करते हुए कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी व्यक्ति आर्थिक या अन्य अक्षमताओं के कारण न्याय पाने से वंचित न रहे।
जिन कैदियों के पास अपना वकील करने के लिए साधन नहीं हैं, उन्हें प्राधिकरण की ओर से मुफ्त सरकारी अधिवक्ता (पैनल अधिवक्ता) उपलब्ध कराया जाता है।
लोक अदालत के आयोजन के बाद डीएलएसए सचिव ने जेल परिसर, कैदियों के बैरक, रसोईघर (मैस) में बनने वाले भोजन की गुणवत्ता और जेल अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं का भी जायजा लिया।
उन्होंने जेल प्रशासन को निर्देश दिए कि कैदियों के मानवाधिकारों का पूर्ण सम्मान किया जाए, जेल परिसर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए और जरूरतमंद कैदियों को समय पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाए।
सीजेएम नीलम कुमारी ने बंदियों से अपील की कि वे अपने आचरण में सुधार लाएं और समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का संकल्प लें।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नारनौल द्वारा किसी भी कानूनी सहायता या जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर 01282-250322 जारी किया गया है।
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