Nilokheri News: निर्जला एकादशी पर निगदू में अनोखी पहल, अपनी मां के नाम पर नेताओं और ग्रामीणों ने रोपे पौधेनिगदू मार्केट कमेटी में चेयरमैन बलराज कारसा ने 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत किया पौधारोपण

Nilokheri News: (महाबीर मैहला)  धार्मिक आस्था और प्रकृति संरक्षण के अनूठे संगम के साथ नीलोखेड़ी क्षेत्र के निगदू में एक सराहनीय पहल देखने को मिली। ज्येष्ठ मास की तपती निर्जला एकादशी के पावन अवसर पर मार्केट कमेटी निगदू के परिसर में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस हरित आयोजन की कमान खुद मार्केट कमेटी के चेयरमैन बलराज कारसा ने संभाली। भीषण गर्मी के बीच आयोजित हुए इस कार्यक्रम में पहुंचे सभी लोगों ने न केवल नए पौधे रोपे, बल्कि इस बात का भी प्रण लिया कि वे इन पौधों को सिर्फ जमीन में गाड़ेंगे नहीं, बल्कि इनके पेड़ बनने तक पूरी जिम्मेदारी से इनकी सुध भी लेंगे।

आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ हवा देना हमारी जिम्मेदारी: बलराज कारसा

वहां मौजूद लोगों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए चेयरमैन बलराज कारसा ने कहा कि आज के समय में पौधारोपण महज एक सरकारी या सामाजिक औपचारिकता नहीं रह गया है, बल्कि यह हमारी आने वाली पीढ़ियों को एक साफ-सुथरी और सुरक्षित आबोहवा सौंपने का इकलौता जरिया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्रीय अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि अपनी मां के नाम पर एक पौधा लगाना, असल में धरती मां और अपनी जननी दोनों के प्रति सम्मान व्यक्त करने का सबसे सुंदर तरीका है। कारसा ने भावुक होते हुए अपील की कि समाज के हर तबके के इंसान को अपनी जिंदगी के खास मौकों पर कम से कम एक पौधा जरूर लगाना चाहिए।

तपती गर्मी में पुण्य का काम; जुटे इलाके के गणमान्य लोग

चेयरमैन ने जोर देकर कहा कि निर्जला एकादशी जैसे व्रत और त्याग के दिन अगर हम प्रकृति को कुछ लौटाते हैं, तो इससे बड़ा पुण्य का काम कोई दूसरा नहीं हो सकता। पेड़-पौधे ही पर्यावरण के संतुलन को बनाए रखने और बढ़ते प्रदूषण पर लगाम कसने का एकमात्र प्राकृतिक इलाज हैं। इस मौके पर राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़ी कई नामी हस्तियां मौजूद रहीं, जिनमें भाजपा बीएलए-1 कर्मवीर शर्मा, बलबीर वर्मा, लक्ष्मण दास, शमशेर सिंह, सुरेश कुमार, नीलम कुमार, आशीष कुमार, संदीप कुमार, सुभाष चूचरा और मघन सिंह प्रमुख रूप से शामिल थे। सभी ने मिलकर परिसर के खाली हिस्सों में फलदार और छायादार पौधे लगाए और समाज में जन-जागरूकता बढ़ाने की बात कही।