Shahabad Mandi News: शाहाबाद मंडी के प्रधान सर्वजीत कालड़ा का लाइसेंस रद्द किए जाने के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। मार्केट कमेटी की इस कार्रवाई के विरोध में कुरुक्षेत्र जिलेभर के आढ़ती एकजुट हो गए हैं।
बुधवार शाम पिपली-रामगढ़ जीटी रोड पर स्थित एक होटल में जिला अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन की एक आपात बैठक हुई, जिसमें सरकार के इस फैसले के खिलाफ सीधे तौर पर आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया गया। बैठक में जिले की सभी 10 मंडियों के प्रधानों और वरिष्ठ पदाधिकारियों ने हिस्सा लेकर साफ कर दिया कि आढ़ती समाज इस दमनकारी नीति को बर्दाश्त नहीं करेगा।
26 जून तक का समय, वरना 27 से मंडियों में लटकेगा ताला
कुरुक्षेत्र अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन के जिला महासचिव धर्मपाल मथाना ने बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए बताया कि सभी मंडियों के प्रतिनिधियों ने सर्वसम्मति से सरकार को 26 जून तक का वक्त दिया है। यदि तय समय के भीतर शाहाबाद मंडी प्रधान का लाइसेंस बहाल नहीं किया गया, तो 27 जून को जिलेभर की मंडियों के प्रधान और कार्यकारिणी सदस्य शाहाबाद मंडी में डेरा डालेंगे। वहीं पर आगामी बड़े आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी, जिसके तहत सूरजमुखी की सरकारी खरीद का पूरी तरह से बहिष्कार किया जा सकता है।
ढाई प्रतिशत आढ़त पर अड़े व्यापारी, हितों की अनदेखी का आरोप
इस पूरे विवाद की जड़ सूरजमुखी की खरीद और आढ़त की दरें हैं। महासचिव धर्मपाल मथाना ने दोटूक शब्दों में कहा कि जब देश और प्रदेश में अन्य सभी फसलों पर आढ़तियों को ढाई प्रतिशत आढ़त (कमीशन) मिल रही है, तो सूरजमुखी की फसल पर इस व्यवस्था को क्यों बदला जा रहा है? उन्होंने कहा कि आढ़ती हमेशा से किसानों की फसल को सुचारू रूप से बिकवाने में सरकार का सहयोग करते आए हैं, लेकिन इसका मतलब यह कतई नहीं है कि खुद आढ़तियों के हितों की बलि चढ़ा दी जाए।
बैठक में उमड़ा मंडियों का नेतृत्व
इस आक्रोश बैठक में जिले की मंडियों का पूरा नेतृत्व एक मंच पर नजर आया। बैठक में मुख्य रूप से शाहाबाद मार्केट कमेटी के वाइस चेयरमैन त्रिलोचन सिंह हांडा, पिपली मंडी प्रधान जोगिंद्र सिंह रामगढ़, थानेसर अनाज मंडी प्रधान दयालचंद, दूसरे धड़े के प्रधान सुशील सिंगला और पूर्व प्रधान मायाराम मौजूद रहे।
इसके अलावा झांसा मंडी के प्रधान ज्ञानचंद, ठोल से गुरविंद्र सिंह, पिहोवा से नवीन गर्ग, इस्माइलाबाद से विनोद कंसल, लाडवा से राजीव आर्य, विजय सिंह, बाबैन से जगदीश ढींगरा और नलवी मंडी से अवतार सिंह सहित भारी संख्या में पदाधिकारियों ने पहुंचकर आंदोलन को हर स्तर पर धार देने का संकल्प लिया।

