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नीतीश कुमार हिजाब मामले पर निषाद की टिप्पणी से विवाद, कांग्रेस और सपा हमलावर

VVinita Kohli
नीतीश कुमार हिजाब मामले पर निषाद की टिप्पणी से विवाद, कांग्रेस और सपा हमलावर
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लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मत्स्य पालन मंत्री संजय निषाद ने बुधवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा एक कार्यक्रम में एक महिला का ‘हिजाब खींचने’ का कथित रूप से बचाव करने को लेकर उठे विवाद के बाद सफाई पेश की है। हालांकि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने मंत्री से बिना शर्त माफी मांगने की मांग की है। कांग्रेस ने यह भी मांग की कि अगर उत्तर प्रदेश के मंत्री ने अपनी कथित तौर पर चौंकाने वाली टिप्पणी “अगर कहीं और छू देते तो क्या हो जाता” के लिए माफी नहीं मांगी तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। इसी बीच, समाजवादी पार्टी की एक पदाधिकारी ने मंत्री निषाद और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के खिलाफ लखनऊ पुलिस में मुकदमा दर्ज कराने के लिए शिकायत दी है।

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 बयान को गलत तरीके से तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया: निषाद 

अपने बयान को लेकर उठे विवाद के बाद मंत्री निषाद ने बुधवार को सफाई देते हुए कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया। उन्होंने बुधवार को कहा, “मेरी टिप्पणी को तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया, गलत समझा गया, शोर-शराबे और अनुवाद में उसका असली मतलब खो गया।” भाषाई विविधता का जिक्र करते हुए, मंत्री ने कहा कि वह गोरखपुर और भोजपुरी भाषी क्षेत्र से आते हैं, जहां बोलने का तरीका और बातचीत का अंदाज़ क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग होता है। उन्होंने कहा, “भोजपुरी में यह लोगों से किसी भी मुद्दे को ज़्यादा तूल न देने और संयम बरतने की सलाह देने का एक आम तरीका है। मैंने हिंदी में भी उसी अंदाज़ का इस्तेमाल किया और मुझे नहीं पता था कि यह इतना बड़ा मुद्दा बन जाएगा।” मंत्री ने कहा, “जैसे हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र या तमिलनाडु में भाषा और बोलने का तरीका अलग-अलग होता है, वैसे ही उत्तर भारत और पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी बोलियां अलग-अलग होती हैं। इसका मतलब यह नहीं है कि अपमान करने का कोई इरादा था।” निषाद ने ज़ोर देकर कहा कि ये टिप्पणियां हल्के-फुल्के अंदाज़ में, अपनी स्थानीय भोजपुरी बोली में की गई थीं और उनका किसी भी महिला, समुदाय या धर्म के प्रति कोई गलत इरादा नहीं था।

यह जांचने के लिए हिजाब हटाया कि सरकारी योजना का असली लाभार्थी मौजूद है या नहीं: निषाद 

निषाद ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री ने महिला का हिजाब नहीं हटाया था बल्कि ‘‘बस यह जांचने के लिए हटाया’’ था कि सरकारी योजना का असली लाभार्थी मौजूद है या नहीं। उन्होंने कहा कि यह ज़िम्मेदारी अधिकारियों की थी। उन्हें कार्यक्रम से पहले उचित व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए थी। इस बीच, समाजवादी पार्टी की प्रवक्ता सुमैया राना ने बुधवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री संजय निषाद के खिलाफ लखनऊ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री का एक महिला का हिसाब खींचने का वीडियो क्लिप देखकर महिलाओं में बेहद नाराजगी है।

अगर मेरे साथ ऐसा कुछ हुआ होता तो मैं चुप नहीं बैठतीं: सुमैया 

सुमैया ने कहा कि वह खुद भी हिजाब पहनती हैं। अगर उनके साथ ऐसा कुछ हुआ होता तो वह चुप नहीं बैठतीं। उन्होंने कहा कि शिकायत में इस मामले को लेकर उत्तर प्रदेश के मंत्री संजय निषाद की अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणियों का भी जिक्र है। सुमैया ने कहा कि उन्होंने कैसरबाग थाने में इसकी लिखित शिकायत देते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। उन्होंने पुलिस पर इस मामले में टालमटोल करने का आरोप लगाते हुए कहा कि शुरू में उन्हें कैसरबाग से गौतमपल्ली थाने भेजा गया था जिसके बाद आखिरकार उनकी शिकायत स्वीकार की गई और पुलिस ने कहा कि जांच के बाद ही प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। सुमैया ने कहा कि पुलिस ने अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं किया है। उन्होंने आगाह किया कि अगर पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो पार्टी इस मामले पर अपना आंदोलन और तेज करेगी। उन्होंने कहा कि निषाद ऐसी ‘‘बेहूदा टिप्पणियां’’ पहले भी कर चुके हैं और उनके ताजा बयान की समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव और वरिष्ठ नेता डिंपल यादव ने निंदा की है।

उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रमुख अजय राय ने बिना शर्त माफी की मांग की 

कैसरबाग के सहायक पुलिस आयुक्त रत्नेश सिंह ने बुधवार शाम को बताया कि फिलहाल मामले की जांच की जा रही है और उसके नतीजे के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रमुख अजय राय ने नेशनल हेराल्ड मामले में अपनी पार्टी द्वारा भाजपा कार्यालय के घेराव से पहले कहा, “मुझे लगता है कि इस तरह की घोर महिला विरोधी टिप्पणियां भाजपा और उसके सहयोगियों की मानसिकता को दर्शाती हैं। हम बिना शर्त माफी की मांग करते हैं। ऐसा न होने पर हम मंत्री को बर्खास्त करने की मांग करेंगे।” बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा सोमवार को पटना में एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान एक मुस्लिम महिला के चेहरे से हिजाब हटाने के बाद राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। एक दिन बाद उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के मुखिया संजय निषाद ने बिहार के मुख्यमंत्री के इस कृत्य का बचाव करते हुए अपनी टिप्पणियों से एक और विवाद खड़ा कर दिया। हालांकि बाद में उन्होंने पहले इसे सही ठहराने की कोशिश की और बाद में यह भी कहा कि अगर किसी को बुरा लगा हो तो वह अपने बयान को वापस ले लेंगे।

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