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Nora Fatehi Success Story: सिर्फ 5000 रुपये लेकर मुंबई आई थीं नोरा फतेही, 9 लड़कियों के साथ एक कमरे में रहकर ऐसे काटी स्ट्रगल की रातें

GGaganpreet Kaur
सिर्फ 5000 रुपये लेकर मुंबई आई थीं नोरा फतेही, 9 लड़कियों के साथ एक कमरे में रहकर ऐसे काटी स्ट्रगल की रातें
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कनाडा से जब एक लड़की आंखों में बॉलीवुड का स्टार बनने का सपना लेकर मुंबई की सरजमीन पर उतरी, तो उसकी जेब में महज 5,000 रुपये थे। नोरा फतेही बताती हैं कि उस वक्त उन्हें भारतीय मुद्रा की कीमत तक का अंदाजा नहीं था। मुंबई के एक तंग अपार्टमेंट में वह 9 लड़कियों के साथ रहती थीं। रूढ़िवादी मुस्लिम परिवार से ताल्लुक रखने वाली नोरा ने कभी डांस की प्रोफेशनल ट्रेनिंग नहीं ली थी; वह बंद कमरों में चोरी-छिपे यूट्यूब वीडियो देखकर थिरकना सीखती थीं। एक बार मां ने देख लिया तो जमकर पिटाई भी हुई, लेकिन उनके भीतर का जुनून कम नहीं हुआ।

हिंदी न आने पर उड़ता था मजाक, गुजारे के लिए बेचे लॉटरी टिकट

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नोरा को लगा था कि मुंबई कदम रखते ही उन्हें पलकों पर बिठा लेगी, लेकिन हकीकत बेहद कड़वी निकली। हिंदी उनके लिए एक बिल्कुल विदेशी भाषा थी। जब वह ऑडिशन देने जातीं, तो लोग उनके बात करने के लहजे और खराब हिंदी का सरेआम मजाक उड़ाते और उन्हें रिजेक्शन झेलना पड़ता। आर्थिक तंगी इस कदर बढ़ी कि पेट भरने के लिए उन्होंने कॉफी शॉप में वेटर की नौकरी की और सड़कों पर लॉटरी टिकट तक बेचे। वह दौर ऐसा था जब उन्हें हफ्ते के खर्च के लिए महज 3,000 रुपये मिलते थे और कई-कई दिन उन्होंने सिर्फ अंडे और ब्रेड खाकर गुजारे।

जब पहली ही कमाई के 20 लाख रुपये लेकर रफूचक्कर हुई एजेंसी

स्ट्रगल के दिनों में नोरा के साथ एक ऐसा धोखा हुआ जिसने उन्हें मानसिक रूप से तोड़ दिया। भारत आने के बाद एक विज्ञापन के जरिए उन्होंने बड़ी मुश्किल से 20 लाख रुपये कमाए थे। उनकी पहली पीआर/मॉडलिंग एजेंसी ने बड़े प्रोजेक्ट्स का झांसा देकर उनसे वह सारे पैसे ऐंठ लिए। जब काम नहीं मिला और नोरा ने अपने पैसे वापस मांगे, तो एजेंसी ने साफ तौर पर मुकरते हुए उन्हें खाली हाथ भगा दिया। नोरा कहती हैं कि उस ठगी ने उन्हें सिखाया कि मायानगरी में किस तरह पग-पग पर शातिर लोग शिकार की तलाश में बैठे हैं।

मुफ्त में किए गाने, ‘दिलबर’ ने बदल दी किस्मत की रेखा

हैरानी की बात यह है कि जब नोरा थोड़ी पहचान बनाने लगीं, तब भी इंडस्ट्री ने उनका शोषण जारी रखा। खुद नोरा ने खुलासा किया कि उनकी पहचान बन चुके ‘दिलबर’ जैसे कई सुपरहिट गानों के लिए उन्हें कोई फीस नहीं दी गई, उन्हें ये प्रोजेक्ट्स मुफ्त में करने पड़े। हालांकि, साल 2015 में ‘बिग बॉस 9’ और फिर फिल्म ‘बाहुबली’ के ‘मनोहरी’ गाने ने उन्हें दक्षिण भारत में नोटिस करवाया। इसके बाद 2018 में आए ‘सत्यमेव जयते’ के रीमेक गाने ‘दिलबर-दिलबर’ ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए। इस एक गाने के बाद नोरा फतेही ‘दिलबर गर्ल’ बन गईं और आज वह बॉलीवुड की सबसे महंगी और डिमांडिंग परफॉर्मर्स में शुमार हैं।

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