Panipat Crime: हरियाणा के औद्योगिक शहर पानीपत से इंसानियत को तार-तार कर देने वाली और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली खबर सामने आई है। सेक्टर-13-17 थाना क्षेत्र (Sector 13-17 Panipat News) में स्थित एक प्रतिष्ठित निजी स्कूल की महज पांच वर्ष की मासूम बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न का बेहद गंभीर मामला सामने आया है। (Panipat Crime News Today) हैरानी और चिंता की बात यह है कि इस वारदात को किसी बाहरी शख्स ने नहीं, बल्कि जिस वैन चालक पर परिजनों ने अपनी लाडली को सही-सलामत स्कूल छोड़ने और घर वापस लाने का भरोसा जताया था, उसी ने अंजाम दिया।
पीड़ित पिता की शिकायत के आधार पर महिला थाना पुलिस ने आरोपी वैन चालक के खिलाफ पोक्सो (POCSO) एक्ट की सख्त धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
दर्द से कराह रही थी मासूम, मां ने पूछा तो खुला खौफनाक राज
पुलिस को सौंपी गई शिकायत में परिजनों ने बताया कि यह पूरी घटना तब उजागर हुई जब शुक्रवार की रात बच्ची को चलने-फिरने में काफी तकलीफ और असहनीय दर्द का सामना करना पड़ा।
मासूम को कराहते देख जब मां ने प्यार से सहलाते हुए उससे रोने और दर्द का कारण पूछा, तो मासूम ने जो हकीकत बयां की उसे सुनकर परिजनों की रूह कांप गई। (Haryana POCSO Act Case) बच्ची ने सहमी हुई आवाज में रोते हुए बताया कि स्कूल आते और जाते वक्त रास्ते में वैन ड्राइवर उसके साथ गलत और गंदी हरकतें करता है। दो दिनों से लगातार सह रही इस प्रताड़ना का खुलासा होते ही पूरे परिवार में कोहराम मच गया।
परिजनों में आक्रोश, पुलिस ने पॉक्सो एक्ट में दर्ज की प्राथमिकी
अपनी कलेजे की टुकड़ी के साथ हुई इस घिनौनी करतूत का पता चलते ही परिजन तुरंत हरकत में आए और बिना वक्त गंवाए सीधे पुलिस स्टेशन पहुंचे। बच्ची के पिता की लिखित शिकायत पर संज्ञान लेते हुए महिला थाना पुलिस ने आरोपी चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो (POCSO) कानून के तहत मामला दर्ज कर लिया है। (Panipat Mahila Thana Investigation) पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बच्ची का डॉक्टरों की निगरानी में मेडिकल चेकअप करवाया जा रहा है, ताकि कानूनी प्रक्रिया को मजबूती दी जा सके।
स्कूल प्रशासन से भी होगी पूछताछ, आरोपी की तलाश में दबिश
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस विभाग पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। आरोपी वैन चालक की धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। इसके साथ ही, पुलिस जांच का दायरा स्कूल प्रबंधन तक भी बढ़ा दिया गया है। पुलिस इस बात की गहनता से पड़ताल कर रही है कि वैन ड्राइवर का पुलिस वेरिफिकेशन करवाया गया था या नहीं और बच्चों को लाने-ले जाने वाले वाहनों की सुरक्षा प्रणाली में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई।

