Rajasthan Weather Update: राजस्थान में करीब एक सप्ताह से जारी मानसून का ब्रेक बुधवार को खत्म हो गया। जयपुर, भरतपुर और करौली समेत कई जिलों में बारिश हुई, जबकि गुरुवार सुबह बहरोड़-कोटपूतली और अलवर में बूंदाबांदी का दौर जारी रहा। मौसम विभाग ने 4 सितंबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान जताया है। जयपुर और भरतपुर के साथ कोटा और अजमेर संभाग में बारिश का यलो अलर्ट है। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा बारिश भरतपुर के रूपवास में 27 मिमी दर्ज की गई। धौलपुर के बाड़ी में 12 मिमी और करौली के बालघाट में 18 मिमी बारिश हुई। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में बना वेलमार्क लो-प्रेशर सिस्टम अगले 24 घंटे में दक्षिणी उत्तर प्रदेश और उत्तरी मध्य प्रदेश के हिस्सों तक पहुंच सकता है, जिसका असर राजस्थान के मौसम पर पड़ेगा।
4 सितंबर से बढ़ेगा बारिश का दौर
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार लो-प्रेशर सिस्टम के आगे बढ़ने के साथ राजस्थान में 4 सितंबर से बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। इसका असर खास तौर पर पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के जिलों में देखने को मिल सकता है।
भरतपुर और कोटा संभाग में 5 से 7 सितंबर के बीच तेज बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है, इसलिए इन इलाकों में रहने वाले लोगों को मौसम के स्थानीय अपडेट पर नजर रखनी होगी।
जयपुर में बारिश से उमस बढ़ी
जयपुर में बुधवार दोपहर बाद मौसम बदला और कई इलाकों में हल्की बारिश हुई। सांगानेर एयरपोर्ट पर 8 मिमी और जेएलएन मार्ग पर करीब 2.5 मिमी पानी दर्ज किया गया, जबकि चौमूं, बस्सी और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी हल्की बारिश हुई। बारिश के बावजूद उमस से राहत नहीं मिली। जयपुर में बुधवार को अधिकतम तापमान 34.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बारिश के बाद बढ़ी नमी ने लोगों को गर्मी और उमस दोनों का अहसास कराया।
भरतपुर में सबसे ज्यादा 27 मिमी बारिश
बीते 24 घंटे में भरतपुर के रूपवास में 27 मिमी बारिश हुई, जो राज्य में इस अवधि के दौरान सबसे अधिक रही। धौलपुर के बाड़ी में 12 मिमी और करौली के बालघाट में 18 मिमी बारिश दर्ज की गई। नादौती, सैंपऊ, बसेड़ी और राजाखेड़ा समेत कई अन्य इलाकों में भी हल्की बारिश हुई, हालांकि इन जगहों पर बारिश 10 मिमी से कम रही। आने वाले दिनों में पूर्वी राजस्थान में बारिश बढ़ने से इन क्षेत्रों में मौसम का असर और ज्यादा दिख सकता है।
पश्चिमी राजस्थान में फिलहाल राहत नहीं
पश्चिमी राजस्थान में मानसून की स्थिति अभी भी कमजोर रहने की संभावना है। जोधपुर संभाग के इलाकों में आने वाले दिनों में बारिश की खास संभावना नहीं है। बुधवार को बीकानेर संभाग में गर्मी का असर सबसे ज्यादा रहा। श्रीगंगानगर में राज्य का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यानी एक ही समय में पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बारिश का दौर लौट रहा है, जबकि पश्चिमी इलाकों में गर्मी बनी हुई है।
जयपुर से उदयपुर तक ऐसा रहा मौसम
अलवर में बुधवार को दिन चढ़ने के साथ गर्मी और उमस बढ़ी। अधिकतम तापमान करीब 37 डिग्री रहा। मौसम विभाग ने बादल और गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान जताया था, लेकिन बारिश नहीं हुई। यहां करीब एक सप्ताह से बारिश का दौर थमा हुआ है।
जोधपुर में अधिकतम तापमान 34.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 0.1 डिग्री अधिक है। न्यूनतम तापमान 26.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो सामान्य से 0.9 डिग्री अधिक रहा। मौसम विभाग के मुताबिक अगले कुछ दिनों में यहां बारिश की संभावना नहीं है।
कोटा में बुधवार को आसमान साफ रहा और दोपहर में कुछ समय बादल छाए, लेकिन शाम तक बारिश नहीं हुई। अधिकतम तापमान 33.8 और न्यूनतम 25.7 डिग्री सेल्सियस रहा। कोटा संभाग में 4 सितंबर से दो दिन के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है।
उदयपुर में दिनभर तेज धूप रही और उमस ने लोगों को परेशान किया। यहां अधिकतम तापमान 32.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो पिछले दिन की तुलना में 0.3 डिग्री बढ़ा। मौसम विभाग ने अगले 3 से 4 दिनों में भी इसी तरह के मौसम की संभावना जताई है।
अजमेर में बुधवार को अधिकतम तापमान 33.0 और न्यूनतम 22.9 डिग्री सेल्सियस रहा। बादलों की आवाजाही के बावजूद बारिश की गतिविधियां कमजोर रहीं। सीकर में अधिकतम तापमान 37.0 और न्यूनतम 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। यहां पिछले डेढ़ सप्ताह से बारिश नहीं हुई है और फिलहाल बारिश का कोई पूर्वानुमान नहीं है।

