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Sirsa Hospital Fire: सिरसा न्यूज़: एसएचओ और जनता की बहादुरी ने टाला बड़ा हादसा, अस्पताल में लगी आग पर पाया काबू

GGaganpreet Kaur
सिरसा न्यूज़: एसएचओ और जनता की बहादुरी ने टाला बड़ा हादसा, अस्पताल में लगी आग पर पाया काबू
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सिरसा । सिरसा के सरकारी अस्पताल में मंगलवार को उस वक्त सांसें अटक गईं, जब अस्पताल के मुख्य बिजली पैनल से अचानक आग की लपटें और काला धुआं निकलने लगा। देखते ही देखते पूरे परिसर में धुआं भर गया और मरीजों के बीच भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। लेकिन इस मुश्किल घड़ी में ट्रैफिक एसएचओ धर्म चंद किसी फरिश्ते की तरह सामने आए। उन्होंने बिना वक्त गंवाए आग की परवाह किए बिना मोर्चा संभाला। एसएचओ ने अस्पताल के जागरूक स्टाफ और वहां मौजूद आम नागरिकों के साथ मिलकर आग बुझाने के संसाधन जुटाए और खुद लपटों से जूझते नजर आए।

जनता और पुलिस का दिखा तालमेल, टला बड़ा हादसा

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हादसे के वक्त अस्पताल में सैकड़ों मरीज भर्ती थे। अगर आग फैल जाती, तो करोड़ों की मशीनें और मासूम जिंदगियां दांव पर लग सकती थीं। एसएचओ धर्म चंद ने वहां रखे अग्निशमन उपकरणों (Fire Extinguishers) का तुरंत उपयोग शुरू किया। जनता ने भी कंधे से कंधा मिलाकर उनका साथ दिया। स्थानीय लोगों की बहादुरी और पुलिस की मुस्तैदी का ही नतीजा था कि दमकल विभाग के पहुंचने से पहले ही आग को आगे बढ़ने से रोक दिया गया। फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित किया।

तकनीकी टीम ने संभाला मोर्चा, बिजली आपूर्ति ठप

आग बुझने के बाद राहत की सांस तो ली गई, लेकिन मुख्य पैनल जल जाने के कारण अस्पताल की बिजली सप्लाई पूरी तरह ठप हो गई। अस्पताल प्रशासन ने फौरन तकनीकी टीम और बिजली विभाग के एक्सपर्ट्स को बुलाया है। फिलहाल मरम्मत का काम जारी है ताकि आईसीयू और इमरजेंसी जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं को सुचारू रूप से चलाया जा सके। शुरुआती जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है।

अधिकारियों ने थपथपाई पीठ

पुलिस और जनता के इस साहसिक कदम की हर तरफ चर्चा हो रही है। वरिष्ठ अधिकारियों ने भी एसएचओ धर्म चंद की जांबाजी की सराहना की है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि अगर समय पर ये कदम न उठाए जाते, तो नुकसान का अंदाजा लगाना मुश्किल था। फिलहाल अस्पताल में स्थिति सामान्य है और तकनीकी टीम पैनल को दोबारा चालू करने में जुटी है।

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