Breaking News
Magha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं कियाMagha Shraddha 2026: 7 अक्टूबर को है मघा श्राद्ध, जानें द्वादशी तिथि पर तर्पण का शुभ समय और नियमKaithal Nursing Staff Strike: ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के खिलाफ कैथल में नर्सिंग स्टाफ का हल्लाबोल, 5 से 7 अक्टूबर तक हड़तालMahendragarh : हकेवि की डॉ. सुमन रानी को मिला ‘श्रेष्ठ शिक्षक अवार्ड’, शिक्षा मंत्री ने किया सम्मानितNarnaul: हरियाणा के सभी जिलों में 8 अक्ट्रबर को होगा ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ विशाल रोष मार्चCEC ज्ञानेश कुमार मामले में SC ने EC से मांगा जवाब, CJI बोले Form-6 पर- हमने कोई बदलाव मंजूर नहीं किया

भाजपा में शामिल हुए अंबरनाथ के 12 पार्षदों को अयोग्य घोषित करने की मांग करेगी कांग्रेस

VVinita Kohli
भाजपा में शामिल हुए अंबरनाथ के 12 पार्षदों को अयोग्य घोषित करने की मांग करेगी कांग्रेस
शेयर करें
AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

मुंबई: कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई ने अंबरनाथ में पाला बदलने वाले अपने 12 पार्षदों के कदम को बृहस्पतिवार को अवैध एवं असंवैधानिक’ करार देते हुए कहा कि उन्हें अयोग्य घोषित करने के लिए वह कानूनी कार्रवाई शुरू करेगी। पार्टी के चिन्ह पर निर्वाचित होने के बाद कांग्रेस पार्षदों ने भाजपा से हाथ मिला लिया। पार्टी प्रवक्ता सचिन सावंत ने दावा किया कि पार्षदों ने कांग्रेस के चुनाव चिन्ह पर निर्वाचित होने के बाद दल-बदल करके संवैधानिक प्रावधानों का उल्लंघन किया है। उन्होंने कहा, ‘‘यह कृत्य पूरी तरह से गैरकानूनी है। किसी पार्टी के चिन्ह पर निर्वाचित होने के बाद स्वतंत्र समूह बनाना या बाद में किसी अन्य राजनीतिक दल में शामिल होना न केवल अनैतिक है बल्कि असंवैधानिक भी है।’’

सावंत ने कहा, “कांग्रेस पार्टी इन पार्षदों की सदस्यता रद्द कराने के लिए कानूनी कार्रवाई शुरू करेगी। जल्द ही इन सभी को कानूनी नोटिस जारी किए जाएंगे।” अंबरनाथ नगरपालिका परिषद के 20 दिसंबर को हुए चुनाव के बाद, भाजपा ने (ठाणे जिले में) परिषद के नेतृत्व के लिए ‘अंबरनाथ विकास आघाड़ी’ (एवीए) के बैनर तले अपने चिरप्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के साथ हाथ मिला लिया और अपनी सहयोगी शिवसेना को दरकिनार कर दिया, जो सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। इस आघाड़ी में अजित पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) भी शामिल है। कांग्रेस ने बुधवार को अपने 12 नवनिर्वाचित पार्षदों और प्रखंड अध्यक्ष को निलंबित कर दिया। निलंबित पार्षदों ने बुधवार देर रात भाजपा में शामिल होकर नगर निकाय में सत्तारूढ़ पार्टी की स्थिति को और मजबूत कर दिया।

विज्ञापन

राजनीति की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।