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प्रधानमंत्री का भाषण आत्म-मुग्धता और पाखंड से भरा था: कांग्रेस

JJagmarg Desk
प्रधानमंत्री का भाषण आत्म-मुग्धता और पाखंड से भरा था: कांग्रेस
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नयी दिल्ली: कांग्रेस ने मंगलवार को आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राज्यसभा में पश्चिम एशिया संकट को लेकर जो वक्तव्य दिया वो आत्म मुग्धता और पाखंड से भरा था।

राज्यसभा में मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि पश्चिम एशिया में छिड़े वर्तमान संघर्ष के कारण उत्पन्न स्थिति से निबटने के लिए अधिकार संपन्न सात नये समूहों का गठन किया गया है जो एलपीजी, आवश्यक सेवाओं एवं वस्तुओं की आपूर्ति एवं विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े अन्य विषयों का नियमित आकलन कर सुझाव देंगे।

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कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया कि प्रधानमंत्री ने आज दोपहर राज्यसभा में पश्चिम एशिया पर करीब 20 मिनट तक बात की। कल लोकसभा में उनके बयान की तरह, राज्यसभा में उनके बयान पढ़ने के बाद विपक्ष को कोई स्पष्टीकरण मांगने की अनुमति नहीं दी गई।

उन्होंने आरोप लगाया कि जैसा कि अपेक्षित था, यह आत्म-प्रशंसा से भरा एक भाषण था।

रमेश ने दावा किया कि भाषण में उस वक्त पाखंड भी था जब उन्होंने उन सभी राज्यों से सहयोग का आह्वान किया जिनके संवैधानिक अधिकारों को लगातार कुचला जा रहा है, ….वहां भी पाखंड था जब उन्होंने राज्यों से मनरेगा को नष्ट करने के बाद प्रवासी श्रमिकों की रक्षा करने के लिए कहा और वहां भी पाखंड था …..जब उन्होंने राज्यों से राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 पर आधारित पीएम गरीब कल्याण अन्न योजना को लागू करने का आह्वान किया, जिसका उन्होंने सीएम के रूप में विरोध किया था।

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