Breaking News
Mohsin Khan Marriage: ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ फेम मोहसिन खान ने रचाया निकाह, तमन्ना संग शेयर किया खूबसूरत वीडियो; लिखा- ‘कबूल कबूल कबूल’Amarjit Singh Chawla SGPC Case : श्री आनंदपुर साहिब पुलिस ने SGPC के चीफ सेक्रेटरी के OSD से की चार घंटे लंबी पूछताछHaryana Cabinet Meeting: सीएम नायब सैनी का सिंगापुर दौरा खत्म होते ही बड़ा एक्शन, 10 अक्टूबर को बुलाई हरियाणा कैबिनेट की बैठकYamunanagar Anti Narcotics: यमुनानगर में 60 लाख की हेरोइन के साथ पानीपत का तस्कर गिरफ्तार, बस में लेकर पहुंचा था सप्लाईAkali Dal Waris Punjab De Governor Meeting : अकाली दल वारिस पंजाब दे का प्रतिनिधिमंडल पहुंचा राजभवन, गवर्नर गुलाब चंद कटारिया को सौंपा ज्ञापनMohsin Khan Marriage: ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ फेम मोहसिन खान ने रचाया निकाह, तमन्ना संग शेयर किया खूबसूरत वीडियो; लिखा- ‘कबूल कबूल कबूल’Amarjit Singh Chawla SGPC Case : श्री आनंदपुर साहिब पुलिस ने SGPC के चीफ सेक्रेटरी के OSD से की चार घंटे लंबी पूछताछHaryana Cabinet Meeting: सीएम नायब सैनी का सिंगापुर दौरा खत्म होते ही बड़ा एक्शन, 10 अक्टूबर को बुलाई हरियाणा कैबिनेट की बैठकYamunanagar Anti Narcotics: यमुनानगर में 60 लाख की हेरोइन के साथ पानीपत का तस्कर गिरफ्तार, बस में लेकर पहुंचा था सप्लाईAkali Dal Waris Punjab De Governor Meeting : अकाली दल वारिस पंजाब दे का प्रतिनिधिमंडल पहुंचा राजभवन, गवर्नर गुलाब चंद कटारिया को सौंपा ज्ञापन

लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पेश: मुस्लिम महिलाओं के आरक्षण को लेकर शाह और अखिलेश आमने-सामने

VVinita Kohli
लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पेश: मुस्लिम महिलाओं के आरक्षण को लेकर शाह और अखिलेश आमने-सामने
शेयर करें
AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION

नई दिल्ली: लोकसभा के भीतर महिला आरक्षण कानून में संशोधन से जुड़े तीन महत्वपूर्ण बिल पेश किए गए, जिसके साथ ही सदन में सियासी टकराव तेज हो गया। इन बिलों को पेश किए जाने के तुरंत बाद विपक्षी दलों ने विरोध जताना शुरू कर दिया। कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने सबसे पहले आपत्ति जताते हुए कहा कि सरकार संविधान को हाईजैक करने की कोशिश कर रही है। समाजवादी पार्टी और अन्य दलों ने भी बिलों के विभिन्न प्रावधानों पर सवाल उठाए।

विपक्ष का तीखा विरोध

विज्ञापन

संसद में बिल पेश होते ही विपक्षी सांसदों ने इसे लेकर गंभीर आपत्तियां दर्ज कराईं। समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि जब तक मुस्लिम महिलाओं को आरक्षण नहीं दिया जाएगा, तब तक इस कानून का कोई अर्थ नहीं रह जाएगा। उन्होंने सरकार पर संविधान के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया और तीनों बिलों को वापस लेने की मांग की।

शाह का जवाब और संवैधानिक तर्क

गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए स्पष्ट कहा कि धर्म के आधार पर आरक्षण देना संविधान के खिलाफ है और इसका सवाल ही नहीं उठता। उन्होंने कहा कि इस तरह की मांगें संवैधानिक ढांचे के अनुरूप नहीं हैं। शाह ने यह भी कहा कि सदन की कार्यवाही पूरे देश द्वारा देखी जा रही है और ऐसे बयान लोगों में भ्रम पैदा कर सकते हैं।

अखिलेश यादव और शाह में बहस

समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने कहा कि पूरा देश महिलाओं को आरक्षण देने के पक्ष में है, लेकिन मुस्लिम महिलाओं के अधिकारों को लेकर स्पष्टता होनी चाहिए। इस पर अमित शाह ने तंज करते हुए कहा कि अगर समाजवादी पार्टी चाहे तो अपने सभी टिकट मुस्लिम महिलाओं को दे सकती है और सरकार को इससे कोई आपत्ति नहीं होगी। इस बयान के बाद सदन में माहौल और गर्म हो गया।

बिल के प्रमुख प्रावधान

प्रस्तावित संशोधन बिलों में लोकसभा की कुल सीटों की संख्या बढ़ाकर 850 करने का प्रावधान किया गया है, जिसमें 815 सीटें राज्यों के लिए और 35 केंद्र शासित प्रदेशों के लिए होंगी। साथ ही 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की जाएंगी। इन सीटों के निर्धारण के लिए परिसीमन की प्रक्रिया भी अपनाई जाएगी, जिससे नई जनसंख्या के आधार पर सीटों का पुनर्गठन होगा।

वोटिंग और अन्य नेताओं की प्रतिक्रिया

बिलों को पुनर्स्थापित करने के लिए ध्वनि मत से पास कराने की कोशिश की गई, लेकिन विपक्ष ने मत विभाजन की मांग की, जिसके बाद स्पीकर ओम बिरला ने वोटिंग की अनुमति दी। एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने बिल का विरोध करते हुए इसे संघवाद के खिलाफ बताया। वहीं डीएमके सांसद टीआर बालू ने इन बिलों को “सैंडविच बिल” बताते हुए कहा कि ये आपस में जुड़े हुए हैं और उनकी पार्टी इसका विरोध करती है।

जनगणना और आरक्षण पर नई बहस

बहस के दौरान अखिलेश यादव ने जनगणना को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि सरकार इसे टाल रही है। इसके जवाब में अमित शाह ने कहा कि देश में जनगणना की प्रक्रिया जारी है और इसमें जातीय गणना भी शामिल होगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि अभी घरों की गिनती हो रही है और बाद में व्यक्तियों की गणना के दौरान जाति से जुड़े आंकड़े भी जुटाए जाएंगे। इससे आरक्षण से जुड़े मुद्दों पर आगे की नीति तय करने में मदद मिलेगी।

विज्ञापन

दिल्ली की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।