यमुनानगर। यमुनानगर में कानून-व्यवस्था को ठेंगा दिखाते हुए बेखौफ बदमाशों ने दोपहर के वक्त एक बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। गांव हरनौल के रहने वाले नामचीन प्रॉपर्टी कारोबारी कलीराम (उम्र करीब 55-60 वर्ष) रोज की तरह फरकपुर-मंडेबर रोड पर स्थित अपने दफ्तर ‘गणपति प्रॉपर्टी एडवाइजर’ में बैठे हुए थे। इसी दौरान कुछ अज्ञात युवक उनके केबिन में दाखिल हुए। चश्मदीदों और पुलिस सूत्रों के मुताबिक, युवकों और कलीराम के बीच कुछ ही सेकंड बात हुई और देखते ही देखते बदमाशों ने चाकू निकालकर उन पर हमला बोल दिया।
खून से लथपथ पड़ी थी लाश, चीख पुकार के बाद जुटी भीड़
हमलावर इतनी तैयारी के साथ आए थे कि कलीराम को संभलने या शोर मचाने तक का समय नहीं मिला। उनके शरीर पर चाकुओं से कई वार किए गए, जिससे अत्यधिक खून बहने के कारण उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वारदात को अंजाम देकर आरोपी बड़ी आसानी से मुख्य सड़क से भाग निकले। इस खौफनाक मंजर का पता तब चला जब पड़ोस की दुकान चलाने वाले एक शख्स ने किसी काम से प्रॉपर्टी दफ्तर के अंदर झांका। अंदर का नजारा देखते ही उसके पैरों तले जमीन खिसक गई; कलीराम खून से लथपथ जमीन पर पड़े थे। पड़ोसी की चीख सुनकर आसपास के दुकानदार और राहगीर मौके पर जमा हो गए।
फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स ने जुटाए सबूत, कारोबारी रंजिश सहित कई एंगल पर जांच
सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस और आला अधिकारी दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। वारदात की गंभीरता को देखते हुए तुरंत फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम को भी बुला लिया गया, जिसने घटनास्थल से उंगलियों के निशान और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हमलावरों की धरपकड़ के लिए इलाके की नाकेबंदी कर दी गई है और फरार होने के रूट पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। मृतक कलीराम अपने पीछे तीन शादीशुदा बच्चों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। इस हत्याकांड के बाद स्थानीय व्यापार मंडल ने रोष जताते हुए पुलिस गश्त बढ़ाने और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।

