September 27, 2026

Mahendragarh : कनीना में सड़क पर एक्सरसाइज कर रहे युवक को तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर, दर्दनाक मौत

0
Mahendragarh : कनीना में सड़क पर एक्सरसाइज कर रहे युवक को तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर, दर्दनाक मौत

प्रतीकात्मक फोटो

Mahendragarh : जिले के कनीना उपमंडल के अंतर्गत आने वाले गांव भोजावास में एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। रविवार सुबह सड़क पर एक्सरसाइज कर रहे 30 वर्षीय संजय कुमार को एक तेज रफ्तार बाइक ने जोरदार टक्कर मार दी।

 

इस भीषण हादसे में संजय गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल ले जाने के दौरान डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।

 

 

सुबह की सैर और व्यायाम के दौरान हुआ हादसा

प्राप्त जानकारी के अनुसार, भोजावास निवासी संजय कुमार रविवार सुबह करीब 5 बजे अपने साथी सचिन (27) के साथ भोजावास से सुंदरह रोड पर एक्सरसाइज करने के लिए गए थे। इसी दौरान सुंदरह की तरफ से तेज गति से आ रहे एक बाइक चालक ने संजय को अपनी चपेट में ले लिया।

 

टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि संजय सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके साथी सचिन ने तुरंत तत्परता दिखाते हुए उन्हें उठाया और पहले भोजावास के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। हालत बेहद नाजुक होने पर चिकित्सकों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया, जिसके बाद परिजन उन्हें उप नागरिक अस्पताल कनीना लेकर पहुंचे, जहां जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

 

Mahendragarh : कनीना में सड़क पर एक्सरसाइज कर रहे युवक को तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर, दर्दनाक मौत
Mahendragarh : कनीना में सड़क पर एक्सरसाइज कर रहे युवक को तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर, दर्दनाक मौत

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, अनाथ हुआ 5 साल का बेटा

मृतक संजय कुमार के जीवन से जुड़ी परिस्थितियां बेहद मर्माहत करने वाली हैं। संजय के माता-पिता का साया पहले ही उठ चुका था; उनके पिता ओमप्रकाश सिंह का वर्ष 2024 में और माता भारती का वर्ष 2025 में निधन हो गया था। परिवार में संजय दो भाइयों और एक बहन में सबसे छोटे थे। उनके बड़े भाई सतपाल हरियाणा पुलिस में अपनी सेवाएं दे रहे हैं, जबकि बहन रजनी की शादी हो चुकी है।

 

संजय की अपनी एक छोटी और खुशहाल गृहस्थी थी, जिसमें उनकी पत्नी पूजा और 5 साल का बेटा गिरीश शामिल हैं। वह करीब 5 साल पहले हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत फायर ब्रिगेड विभाग में ड्राइवर के पद पर नियुक्त हुए थे और वर्तमान में नारनौल में अपनी ड्यूटी निभा रहे थे।

 

रोजाना नारनौल से अपने पैतृक गांव भोजावास आना-जाना करते थे। परिवारजनों का रो-रोकर बुरा हाल है क्योंकि संजय ही इस परिवार के इकलौते मुख्य कमाने वाले सदस्य थे।

 

 

 

यह भी देखें – भाड़ावास गांव में श्मशान भूमि पर बना ओपन जिम सवालों के घेरे में, लाखों रुपए खर्च के बाद भी सन्नाटा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed