NRI Death England Punjab : पंजाब के तरनतारन जिले के सीमावर्ती गांव नौशहरा ढाला से एक बेहद मर्मस्पर्शी और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। इंग्लैंड में करीब 17 दिन पहले दम तोड़ने वाले युवक गुरबिंदर सिंह गोल्डी का पार्थिव शरीर आखिरकार शुक्रवार को उनके पैतृक गांव पहुंच गया। शव पहुंचते ही परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और पूरे गांव की आंखें नम हो गईं। विदेश में हुई इस अचानक मौत और लंबी प्रशासनिक औपचारिकताओं के बाद शव घर लौटने से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।
15 साल पहले बेहतर भविष्य के सपने लेकर गया था विदेश
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक गुरबिंदर सिंह गोल्डी तीन भाइयों में सबसे छोटे थे और माता-पिता का साया पहले ही उनके सिर से उठ चुका था। परिवार के सबसे लाडले होने के नाते वह सबके चहेते थे। वर्ष 2011 में शादी के बाद वह बेहतर भविष्य की तलाश में इंग्लैंड चले गए थे और पिछले करीब 15 वर्षों से वहीं रह रहे थे। गत 22 सितंबर को अचानक हुई उनकी मौत की खबर ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। विदेश से शव को भारत लाने के लिए पूरी कानूनी प्रक्रिया और कागजी कार्रवाई को पूरा करने में 17 दिनों का लंबा वक्त लग गया।
पीछे छूट गई पत्नी और 10 साल की मासूम बेटी
इस पूरी त्रासदी का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि गुरबिंदर सिंह अपने पीछे रोती-बिलखती पत्नी और 10 साल की मासूम बेटी को छोड़ गए हैं। इतनी कम उम्र में सिर से पिता का साया उठ जाने और जीवनसाथी के अचानक यूं चले जाने से परिवार पूरी तरह बिखर गया है। नौशहरा ढाला गांव के हर शख्स की जुबान पर इस दुखद घटना की चर्चा है और हर कोई दुखी परिवार को ढांढस बंधाने में लगा हुआ है।
दुख की घड़ी में सांत्वना देने पहुंचे गणमान्य लोग
इस मुश्किल समय में पीड़ित परिवार को सांत्वना देने के लिए क्षेत्र के तमाम लोग और नेता उनके घर पहुंचे। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता देविंदर सिंह संधू लाली ढाला, जगविंदर सिंह मान संधू, हरविंदर सिंह, हरदेव सिंह शाह, पूर्व सरपंच जगबीर सिंह टिम्मी, दिलबाग सिंह, हरदेव सिंह, सरपंच जागीर सिंह, लखविंदर सिंह, अर्जुन सिंह, बब्बू दूध वाला, सरपंच केहर सिंह, महिंदर सिंह राणा, सुल्तान सिंह, सरपंच गुरभेज सिंह चीमा, मनजिंदर सिंह मन्ना और रणजोध सिंह हवेलियां सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना की है।

