Tarn Taran DC SSP Anti Drug Campaign : तरनतारन के जिला प्रशासन और पुलिस ने नशे के खिलाफ चल रहे ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान को अब जमीनी स्तर पर और तेज कर दिया है। इसी कड़ी में डिप्टी कमिश्नर राहुल और एसएसपी सुरिंदर लांबा ने जिले के कई गांवों का तूफानी दौरा किया। अधिकारियों ने गांवों में पहुंचकर लोगों से सीधा संवाद किया और उन्हें नशे के दलदल से दूर रहने तथा पुलिस-प्रशासन का खुलकर सहयोग करने की अपील की। इस दौरान एक गांव के पूरी तरह नशामुक्त होने का संदेश भी सामने आया, जिसने इस मुहिम को एक नई उम्मीद दी है।
गांवों में जाकर अधिकारियों ने थाहा लोगों का नब्ज
नशे जैसी गंभीर समस्या की जड़ पर वार करने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस के मुखिया खुद मैदान में उतर आए हैं। डीसी तरनतारन राहुल और एसएसपी सुरिंदर लांबा ने संयुक्त रूप से गांव अलादीनपुर, जोधपुर और कलेर का दौरा किया। इस दौरान उनके साथ एसपी मुख्यालय और डीएसपी गोइंदवाल साहिब समेत संबंधित गांवों की पंचायतें भी मौजूद रहीं। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाया कि जब तक समाज खुद आगे आकर इस बुराई के खिलाफ खड़ा नहीं होगा, तब तक पुलिस अकेले इस पर पूरी तरह लगाम नहीं कस सकती।
कलेर गांव बना दूसरों के लिए प्रेरणा
दौरे के दौरान सबसे सकारात्मक पहलू गांव कलेर से सामने आया, जहां के निवासियों ने गर्व के साथ बताया कि उनका गांव अब पूरी तरह नशामुक्त हो चुका है। अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि यदि एक गांव आपसी एकजुटता और सामाजिक सहयोग से नशा मुक्त हो सकता है, तो बाकी गांव भी इस राह पर चल सकते हैं। पंचायतों और स्थानीय लोगों से यह अपील की गई कि वे अपने-अपने इलाकों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें और नशा तस्करों की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
सामूहिक प्रयासों से ही जीते जा सकेंगे जंग
एसएसपी सुरिंदर लांबा और डीसी राहुल ने दोहराया कि पंजाब सरकार और पुलिस विभाग ‘नशामुक्त पंजाब’ के संकल्प को पूरा करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। हालांकि, इस लड़ाई को जीतने के लिए प्रशासनिक सख्ती के साथ-साथ जन-सहयोग का होना भी उतना ही अनिवार्य है। अधिकारियों के इस जमीनी दौरे से गांवों में सकारात्मक संदेश गया है, जिससे आम जनता और पुलिस के बीच तालमेल और मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।
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