Tiger Shroff Firing Update: बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई ताबड़तोड़ फायरिंग के मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इसके तार देश के कई राज्यों से जुड़ते नजर आ रहे हैं। इस सनसनीखेज मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सोनीपत और उत्तर प्रदेश से चार नए किरदारों को दबोचा है। पकड़े गए आरोपियों में हरियाणा के सोनीपत जिले के रहने वाले 21 वर्षीय कुणाल और 19 वर्षीय सुमित के अलावा उत्तर प्रदेश की रहने वाली 23 वर्षीय राधा और 23 वर्षीय बबीता शामिल हैं।
इस हाई-प्रोफाइल मामले में पहले ही हरियाणा के सोनीपत के रहने वाले रेहान, एक नाबालिग और बिहार के ऋतिक उर्फ रोशन समेत तीन मुख्य शूटरों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके अलावा रेहान के दो अन्य साथी समीन और बोनी उर्फ रौनक भी पुलिस हिरासत में हैं। ताजा गिरफ्तारियों ने साबित कर दिया है कि इस वारदात के पीछे एक बेहद शातिर और लंबा नेटवर्क काम कर रहा था।
एन्क्रिप्टेड ऐप से विदेश से मिल रहे थे निर्देश, अमृतसर से आए थे हथियार
दिल्ली पुलिस के खुलासे के मुताबिक, इस पूरी साजिश की कड़ियां विदेश में बैठे लॉरेंस गैंग के खास गुर्गे अनिल पंडित से जुड़ी हैं। सोनीपत के हरसाना गांव के एक संपर्क के जरिए कुणाल की मुलाकात अनिल पंडित से हुई थी, जिसके बाद दोनों एन्क्रिप्टेड ऐप्स के जरिए लगातार संपर्क में थे। अनिल पंडित के ही कहने पर कुणाल और सुमित ने हथियारों की खेप जुटाई थी।
जांच में सामने आया है कि कुणाल अमृतसर से एक अत्याधुनिक पिस्टल और 20 जिंदा कारतूस लेकर आया था। करीब दो महीने पहले ही कुणाल की मुलाकात राधा से हुई थी, जिसके बाद उसने राधा को अपनी आपराधिक गतिविधियों में शामिल किया और हथियार लेकर मुंबई जाने के लिए तैयार किया।
युवतियों के बैग में छिपाकर मुंबई पहुंचाए गए हथियार
साजिश के तहत 15 अक्तूबर को कुणाल, राधा और बबीता को लेकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचा और उन्हें मुंबई जाने वाली ट्रेन में बैठा दिया। सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देने के लिए हथियार राधा के बैग के अंदर छिपाए गए थे। सफर के दौरान कुणाल लगातार एन्क्रिप्टेड ऐप के जरिए दोनों युवतियों के संपर्क में रहकर उन्हें निर्देश दे रहा था।
17 अक्तूबर को दोनों युवतियां मुंबई के दादर रेलवे स्टेशन पर उतरीं और एक स्थानीय होटल में ठहरीं। उसी दिन सुबह करीब 11 बजे एक नाबालिग लड़का होटल के पास पहुंचा और राधा से हथियारों से भरा बैग लेकर चला गया। पुलिस का मानना है कि यह वही नाबालिग शूटर है जिसे पहले ही कोटा से गिरफ्तार किया जा चुका है।
फायरिंग के बाद शूटरों को भगाने की थी साजिश
18 अक्तूबर की शाम को अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग की वारदात को अंजाम दिया गया। इसके तुरंत बाद अनिल पंडित ने कुणाल को फोन पर निर्देश दिया कि शूटर अब मुंबई में फंस चुके हैं और उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने की व्यवस्था की जाए। उसी दिन राधा और बबीता दादर से हरिद्वार जाने वाली एक्सप्रेस ट्रेन में सवार होकर वापस दिल्ली के लिए रवाना हो गईं।
पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस और खुफिया इनपुट के आधार पर 20 अक्तूबर को राधा और बबीता को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से दबोच लिया, जबकि कुणाल और सुमित को सोनीपत से धर दबोचा गया। चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद मुंबई पुलिस की क्राइम इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (CID) टीम ने अदालत में अर्जी देकर तीन दिन का ट्रांजिट रिमांड हासिल कर लिया है। अब पुलिस यह खंगालने में जुटी है कि इन हथियारों की खरीद-फरोख्त में और कौन-कौन से चेहरे शामिल थे।

