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Kurukshetra News: लिव-इन पार्टनर पर गंभीर आरोप: कुरुक्षेत्र में सफाई कर्मी ने लगाया फंदा, परिजनों ने बताया फर्जी सुसाइड नोट का सच

GGaganpreet Kaur
लिव-इन पार्टनर पर गंभीर आरोप: कुरुक्षेत्र में सफाई कर्मी ने लगाया फंदा, परिजनों ने बताया फर्जी सुसाइड नोट का सच
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कुरुक्षेत्र ।  थानेसर नगर परिषद के सफाई कर्मचारी रमन (30) की मौत के मामले में अब सनसनीखेज दावे सामने आ रहे हैं। बहादुरपुरा निवासी रमन का शव संतपुरा स्थित किराए के मकान में फंदे से लटका मिला था। जहां पुलिस इसे पहली नजर में सुसाइड मान रही है, वहीं मृतक के मामा शिव कुमार ने बरामद सुसाइड नोट की प्रमाणिकता पर ही सवालिया निशान लगा दिए हैं। उनका सीधा आरोप है कि यह सुसाइड नोट उस महिला ने लिखा है जो रमन के साथ लिव-इन में रह रही थी।

मकान हड़पने के लिए रची गई ‘मौत की पटकथा’?

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मृतक के मामा शिव कुमार ने बताया कि उन्होंने ही रमन को सिर छुपाने के लिए मकान बनाकर दिया था। आरोप है कि रमन के साथ रहने वाली महिला और उसके विभाग के ही एक कर्मचारी की नजर उस कीमती मकान पर थी। वे रमन पर लगातार 30 लाख रुपये में मकान बेचने का दबाव बना रहे थे। इतना ही नहीं, सौदे के कागज तक तैयार करवा लिए गए थे, लेकिन जब खरीदार को प्रॉपर्टी के विवादित होने की भनक लगी तो उसने कदम पीछे खींच लिए। परिजनों का कहना है कि मकान न बिकने के बाद रमन को दफ्तर में हाजिरी और अन्य तरीकों से मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा।

सुसाइड नोट में ससुराल पर आरोप, परिजनों को शक

पुलिस को कमरे से मिले सुसाइड नोट में रमन के ससुराल पक्ष को जिम्मेदार ठहराया गया है। रमन की पत्नी पुष्पा करीब 4 साल पहले अपनी दो बेटियों के साथ उसे छोड़कर चली गई थी। हालांकि, मामा शिव कुमार का तर्क है कि अगर रमन खुद यह नोट लिखता तो उस पर अपने दस्तखत जरूर करता। उन्होंने शक जताया है कि रमन को रास्ते से हटाने और उसकी संपत्ति पर कब्जा करने के लिए यह सुसाइड नोट प्लांट किया गया है।

पुलिस की सुई ‘विवादास्पद’ सुसाइड नोट और कॉल रिकॉर्ड पर

सुभाष मंडी चौकी इंचार्ज अमित कुमार ने बताया कि पुलिस मामले के हर पहलू को खंगाल रही है। फिलहाल शव का पोस्टमॉर्टम करवाया जा रहा है, जिसकी रिपोर्ट से मौत के सही वक्त और चोटों के निशान का पता चल सकेगा। परिजनों ने जिन लोगों पर प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं, उनके कॉल डिटेल और सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग एक्सपर्ट से जांच करवाई जा सकती है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही साफ होगा कि यह मानसिक तनाव का मामला है या फिर संपत्ति के लालच में दिया गया जानबूझकर दिया गया अंजाम।

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