Haryana PPP Update: हरियाणा सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘परिवार पहचान पत्र’ (पीपीपी) में डेटा दुरुस्त कराने को लेकर इन दिनों नागरिकों में खासी बेचैनी देखी जा रही है। इसी बीच जिला प्रशासन ने लोगों से पैनिक न होने और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने की गुजारिश की है।
दरअसल, नागरिक संसाधन सूचना विभाग (CRID) की ओर से उन लोगों के मोबाइल पर लगातार संदेश (मैसेज) भेजे जा रहे हैं, जिनकी उम्र का सत्यापन अभी तक सरकारी रिकॉर्ड में नहीं हो पाया है। जानकारी की कमी के कारण बड़ी संख्या में लोग सीधे जिला कार्यालयों का रुख कर रहे हैं, जिससे वहां बेवजह की भीड़ जुट रही है। अधिकारियों ने साफ किया है कि इस काम के लिए सरकारी दफ्तरों की दौड़ लगाने की रत्ती भर भी जरूरत नहीं है।
1 जुलाई से पूरी तरह काम करेगा पोर्टल, सीएससी केंद्रों को भी जिम्मेदारी
क्रिड (CRID) के डिस्ट्रिक्ट मैनेजर रविंद्र कुमार ने बताया कि पीपीपी में उम्र के सत्यापन और अन्य जरूरी सुधारों से जुड़ा मुख्य ऑनलाइन पोर्टल आगामी 1 जुलाई से पूरी तरह से सुचारू रूप से काम करने लगेगा।
इसके बाद लोग खुद अपने मोबाइल या कंप्यूटर से नागरिक लॉगिन के जरिए आवेदन कर सकेंगे। वहीं, अतिरिक्त उपायुक्त (ADC) अर्पित संगल ने जानकारी दी कि जो लोग खुद ऑनलाइन फॉर्म नहीं भर सकते, वे अपने गांव या वार्ड में स्थित किसी भी नजदीकी अटल सेवा केंद्र या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर अपनी जानकारी अपडेट करा सकते हैं। इसके लिए सरकार ने सभी केंद्रों को विशेष रूप से अधिकृत कर दिया है।
इन 5 दस्तावेजों में से कोई एक देना होगा, तभी मान्य होगी उम्र
प्रशासन ने उन पुख्ता दस्तावेजों की सूची भी जारी की है, जिन्हें अपलोड करने के बाद ही उम्र का सत्यापन मान्य माना जाएगा। नियमों के मुताबिक, नागरिक साल 2019 से पहले का बना हुआ वोटर आईडी कार्ड (मतदाता पहचान पत्र), 2019 से पुरानी वोटर लिस्ट की सर्टिफाइड कॉपी, स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट (SLC), स्कूल का पुराना रिकॉर्ड, दसवीं क्लास की मार्कशीट (DMC) या फिर नगर निगम/नगर पालिका द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र में से कोई भी एक कागज दे सकते हैं। इन दस्तावेजों को पोर्टल के ‘करेक्शन मॉड्यूल’ विकल्प में जाकर स्कैन करके अपलोड करना होगा।
सही आय दर्ज कराना बेहद जरूरी, इसी पर टिकी है सरकारी योजनाओं की पात्रता
एडीसी अर्पित संगल ने जिलावासियों से एक बेहद महत्वपूर्ण अपील करते हुए कहा कि सभी परिवार पीपीपी में अपनी सालाना कमाई का बिल्कुल सटीक और सही विवरण दर्ज करवाएं।
उन्होंने जोर देकर कहा कि आज के समय में राशन कार्ड, बुढ़ापा पेंशन, आयुष्मान भारत योजना और बच्चों के वजीफे जैसी तमाम बड़ी सरकारी योजनाओं और सेवाओं की पात्रता सीधे तौर पर परिवार पहचान पत्र के डेटा से ही तय होती है। ऐसे में किसी भी गलत जानकारी के कारण पात्र लोग सरकारी लाभ से वंचित हो सकते हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि समय रहते इस काम को पूरा कर लें ताकि भविष्य में किसी भी तरह की प्रशासनिक रुकावट का सामना न करना पड़े।

