Haryana Weather: हरियाणा में कमजोर पड़ा मानसून, अगले 7 दिनों तक भारी बारिश पर लगा ब्रेक
अगले 7 दिनों तक भारी बारिश पर लगा ब्रेक
Haryana Weather: हरियाणा में झमाझम बरस रहे मानसून की रफ्तार पर फिलहाल ब्रेक लग गया है। मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, आने वाले एक सप्ताह तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में भारी या तेज बारिश होने के आसार बेहद कम हैं। हालांकि, स्थानीय मौसमी बदलावों के कारण कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बूंदाबांदी का सिलसिला चलता रहेगा। मानसून सुस्त होने से जहां उमस भरी गर्मी एक बार फिर लोगों को परेशान कर सकती है, वहीं सोमवार को आए मौसम के अचानक बदलाव ने कई परिवारों को गहरे जख्म दिए हैं।
आंधी का कहर: रतिया में पेड़ गिरने से युवक की मौत, भिरडाना में बची जान
सोमवार को हिसार, सिरसा, फतेहाबाद और सोनीपत समेत राज्य के कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश दर्ज की गई। इस बदलाव से तापमान में तो गिरावट आई, लेकिन तेज आंधी कई जगहों पर काल बनकर टूटी। सबसे दुखद हादसा रतिया क्षेत्र में हुआ, जहां खेतों में काम करने जा रहे एक युवक के ट्रैक्टर पर अचानक भारी-भरकम पेड़ गिर गया।
इस दर्दनाक हादसे में युवक की मौके पर ही मौत हो गई। उधर, फतेहाबाद के भिरडाना गांव के पास भी तेज बवंडर के कारण एक चलती बोलेरो गाड़ी पर विशालकाय पेड़ आ गिरा। गनीमत रही कि इस हादसे में गाड़ी का चालक चमत्कारिक रूप से सुरक्षित बच गया, हालांकि वाहन को भारी नुकसान पहुंचा है।
बहबलपुर में होर्डिंग गिरा, हंस मार्केट में ढह गया दुकान का छज्जा
तेज आंधी के कारण शहरी और ग्रामीण इलाकों में बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचा है। हिसार के बहबलपुर गांव में सड़क किनारे लगा एक बड़ा लोहे का विज्ञापन होर्डिंग आंधी का दबाव नहीं झेल सका और सीधे एक राहगीर महिला पर जा गिरा। हादसे में महिला गंभीर रूप से जख्मी हो गई, जिसे तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा, फतेहाबाद के व्यस्त हंस मार्केट में बारिश के दौरान एक जूते की दुकान का छज्जा अचानक भरभराकर नीचे आ गिरा। राहत की बात यह रही कि बाजार में उस वक्त आवाजाही कम थी, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
एक हफ्ते बाद दोबारा सक्रिय होगा मानसूनी सिस्टम
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि वर्तमान में उत्तर भारत के ऊपर मानसूनी हवाओं का प्रभाव थोड़ा कमजोर पड़ा है। हवाओं के रुख में बदलाव और कम दबाव का क्षेत्र नहीं बनने के कारण अगले सात दिनों तक राज्य में व्यापक स्तर पर बारिश नहीं होगी। हालांकि, चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिकों ने उम्मीद जताई है कि करीब एक सप्ताह के इंतजार के बाद मानसूनी सिस्टम एक बार फिर से करवट लेगा। इसके बाद ही पूरे प्रदेश में झमाझम बारिश का दौर दोबारा शुरू हो सकेगा, जिससे किसानों और आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी।
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