Kurukshetra News: कुरुक्षेत्र BJP अध्यक्ष हटे, रमेश सैनी बने कार्यकारी जिला अध्यक्ष Kurukshetra News: कुरुक्षेत्र BJP अध्यक्ष हटे, रमेश सैनी बने कार्यकारी जिला अध्यक्ष

 Kurukshetra News: हरियाणा में चुनावी सरगर्मियों के बीच कुरुक्षेत्र भाजपा के भीतर एक बड़ा राजनीतिक भूचाल आ गया है। नौकरी के बदले मोटी रकम की डिमांड करने के गंभीर आरोपों में घिरे भारतीय जनता पार्टी के कुरुक्षेत्र जिला अध्यक्ष तजिन्द्र सिंह गोल्डी पर आखिरकार गाज गिर गई है।

भाजपा के प्रदेश शीर्ष नेतृत्व ने मामले की संवेदनशीलता और पार्टी की साख को ध्यान में रखते हुए गोल्डी को उनके पद से मुक्त कर दिया है। संगठन ने बिना वक्त गंवाए जिला महामंत्री रमेश सैनी को कुरुक्षेत्र का नया कार्यकारी जिला अध्यक्ष नियुक्त किया है। इस संबंध में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता की ओर से रविवार को बकायदा एक संगठनात्मक पत्र जारी किया गया।

मीडिया में खबर आते ही हरकत में आया आलाकमान; 24 घंटे में बदला समीकरण

दरअसल, पिछले दो-तीन दिनों से कुरुक्षेत्र की राजनीतिक फिजाओं में एक ऑडियो क्लिप तेजी से वायरल हो रही थी। इस कथित ऑडियो में जिला अध्यक्ष पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा किसी को सरकारी नौकरी दिलाने के एवज में रुपयों का सौदा करने की बातें सामने आ रही थीं।

शुरुआत में पार्टी स्तर पर इसे दबाने की कोशिश की गई, लेकिन ‘दैनिक जागरण’ में इस भ्रष्टाचार के खेल की खबर प्रमुखता से प्रकाशित होने के बाद चंडीगढ़ से लेकर दिल्ली तक बैठे आलाकमान के कान खड़े हो गए। विपक्ष के हाथ कोई बड़ा मुद्दा न लगे, इसलिए प्रदेश नेतृत्व ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गोल्डी को हटाना ही बेहतर समझा।

रमेश सैनी संभालेंगे संगठन का मोर्चा, विरोधी खेमे में छाई खामोशी

नए कार्यकारी अध्यक्ष बने रमेश सैनी के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती बिखरे हुए संगठन को एक धागे में पिरोने और दागदार हुई छवि को साफ करने की होगी। सैनी लंबे समय से जिले की जमीनी राजनीति में सक्रिय रहे हैं और संगठन में उनकी पकड़ मजबूत मानी जाती है। दूसरी तरफ, तजिन्द्र सिंह गोल्डी को हटाए जाने के बाद उनके समर्थक खेमे में पूरी तरह से सन्नाटा पसरा हुआ है, जबकि विरोधी गुट दबी जुबान में इस फैसले को पार्टी हित में बता रहा है।

नए दावेदारों ने बिछानी शुरू की बिसात, दिल्ली-चंडीगढ़ के चक्कर शुरू

इस बड़े फेरबदल के बाद कुरुक्षेत्र की राजनीति का पारा अचानक बढ़ गया है। जिलेभर के सियासी गलियारों में इस बात को लेकर तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं कि आगामी विधानसभा चुनावों से ठीक पहले हुए इस ‘ऑडियो कांड’ का जमीनी स्तर पर कितना असर पड़ेगा। इस बीच, कुरुक्षेत्र भाजपा के भीतर जिला अध्यक्ष की स्थायी कुर्सी हथियाने के लिए अंदरूनी जोड़-तोड़ का खेल भी शुरू हो गया है।

पार्टी के कई कद्दावर नेताओं और पुराने कार्यकर्ताओं ने पूर्णकालिक अध्यक्ष बनने के लिए चंडीगढ़ और दिल्ली के चक्कर काटने शुरू कर दिए हैं और अपने-अपने आकाओं के जरिए गोटियां फिट करने में जुट गए हैं।

By Jagmarg