Panipat News: रोजी-रोटी की तलाश में अपना घर-बार छोड़कर परदेस आने वाले मजदूरों की जिंदगी किस कदर अनिश्चितताओं से घिरी होती है, इसका एक खौफनाक मंजर रविवार अलसुबह पानीपत में देखने को मिला। नेशनल हाईवे-44 (जीटी रोड) पर समालखा के पास मच्छरौली गांव के नजदीक एक तेज रफ्तार ट्रक ने उत्तर प्रदेश से आए प्रवासी श्रमिकों को कुचल दिया।
हादसा इतना भयावह था कि दो सगे रिश्तेदारों की मौके पर ही तड़प-तड़प कर जान चली गई। ये मजदूर धान के चालू सीजन में रोपाई का काम कर अपने परिवारों का पेट पालने के लिए कुछ ही मिनट पहले पानीपत की सीमा में दाखिल हुए थे, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।
बस से उतरकर बढ़े ही थे कदम, चीख-पुकार में बदली अलसुबह Panipat News
मिली जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले से 6 खेतिहर मजदूरों का एक दल रविवार तड़के करीब 4 बजे एक निजी बस से समालखा के मच्छरौली के पास उतरा था। भोर के धुंधलके में ये सभी श्रमिक अपना सामान उठाकर सड़क किनारे पैदल-पैदल ही अपने गंतव्य की ओर बढ़ने लगे।
वे अभी कुछ ही मीटर आगे बढ़े थे कि पीछे से आ रहे एक अनियंत्रित और काल बने ट्रक ने बड़ी ही लापरवाही से चलाते हुए मजदूरों को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही हाईवे पर चीख-पुकार मच गई। शोर और धमाके की आवाज सुनकर जब तक आसपास के ढाबा कर्मी और राहगीर मदद के लिए दौड़ते, तब तक दो श्रमिक दम तोड़ चुके थे।
छह मासूमों के सिर से उठा साया, कमाऊ सदस्यों की मौत से सदमे में साथी
इस हादसे ने यूपी के दो गरीब परिवारों को कभी न भरने वाले जख्म दिए हैं। जान गंवाने वालों की पहचान 37 वर्षीय रियाजुद्दीन और उनके सगे भतीजे 33 वर्षीय इमरान के रूप में हुई है। ये दोनों ही अपने-अपने कुनबे के मुख्य कमाऊ पिलर थे। रियाजुद्दीन अपने पीछे चार बच्चों और पत्नी को छोड़ गए हैं, तो वहीं महज 33 साल के इमरान के सिर पर दो मासूम बच्चों की जिम्मेदारी थी।
अपने भाइयों और साथियों को आंखों के सामने दम तोड़ते देख साथ आए अन्य चार मजदूर गहरे सदमे में हैं। उन्होंने रोते हुए बताया कि वे सब इस उम्मीद में हरियाणा आए थे कि सीजन में चार पैसे कमाकर घर लौटेंगे, लेकिन पैर रखते ही सब कुछ उजड़ गया।
अज्ञात ट्रक ड्राइवर पर मुकदमा, शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा
सड़क दुर्घटना की सूचना मिलते ही समालखा थाना पुलिस की टीम दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद दोनों शवों को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए पानीपत के सामान्य अस्पताल के शवगृह में भिजवाया। पुलिस प्रशासन की ओर से मृतकों के परिजनों को सीतापुर में हादसे की इत्तला दे दी गई है।
थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़ित श्रमिकों के जीवित साथियों के बयानों के आधार पर अज्ञात ट्रक चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत तेज रफ्तार और लापरवाही से गाड़ी चलाने का मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस हाईवे के टोल प्लाजा और आसपास लगे कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि फरार ट्रक और उसके ड्राइवर को जल्द से जल्द दबोचा जा सके।

