Virsa Singh Valtoha को महिला आयोग ने Notice जारी किया
Virsa Singh Valtoha को महिला आयोग ने Notice जारी किया
Virsa Singh Valtoha | Notice : पंजाब राज्य महिला आयोग ने शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता विरसा सिंह वाल्टोहा के खिलाफ बेहद कड़ा रुख अपनाया है। आयोग ने एक बलात्कार पीड़िता के संबंध में कथित रूप से अभद्र बयानबाजी करने और उसकी सार्वजनिक पहचान उजागर करने के मामले का स्वतः संज्ञान लेते हुए वाल्टोहा को नोटिस जारी किया है। आयोग ने राज्य पुलिस प्रशासन को इस पूरे प्रकरण की गहनता से पड़ताल करने और आगामी 26 सितंबर तक अपनी विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करने का सख्त निर्देश दिया है।
आपत्तिजनक भाषा और पहचान उजागर करने का आरोप
आयोग की नजर मीडिया और सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रही उन खबरों व वीडियो पर पड़ी, जिनमें अकाली नेता पीड़िता के खिलाफ अनर्गल बयानबाजी करते दिखे। जांच में पाया गया कि वाल्टोहा ने पीड़ित महिला के संदर्भ में न केवल अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया, बल्कि उसकी गोपनीयता का भी हनन किया। भारतीय दंड विधान और देश के कानून के तहत किसी भी यौन उत्पीड़न पीड़िता की पहचान उजागर करना एक गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है।
पंजाब पुलिस को सख्त निर्देश, 26 सितंबर की समयसीमा तय
महिला आयोग ने चंडीगढ़ मुख्यालय से इस मामले पर कड़ा संज्ञान लेते हुए पुलिस तंत्र को तुरंत हरकत में आने के आदेश दिए। आयोग ने पंजाब पुलिस के उच्च अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे इस मामले में निष्पक्षता से जांच आगे बढ़ाएं। पुलिस को हर हाल में निर्धारित समयसीमा 26 सितंबर तक अपनी जांच रिपोर्ट आयोग की पीठ के समक्ष जमा करानी होगी।
महिलाओं की गरिमा से कोई समझौता नहीं: आयोग
‘पंजाब राज्य महिला आयोग अधिनियम, 2001’ की धारा 12 के तहत मिलीं प्रशासनिक शक्तियों का प्रयोग करते हुए आयोग ने अपना रुख पूरी तरह स्पष्ट कर दिया है। आयोग के पदाधिकारियों का कहना है कि राज्य में महिलाओं के संवैधानिक अधिकारों, उनके सम्मान और सुरक्षा के विषय में कोई भी लापरवाही सहन नहीं होगी। यदि जांच में लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित नेता के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी।
