चंडीगढ़ में 6 स्कूलों को बम धमकी से हड़कंप, बम निरोधक दस्ता पहुंचा; थ्रेट भेजने वाले की तलाश शुरू
चंडीगढ़ के 6 स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी
School Bomb Threat: चंडीगढ़ में सोमवार को छह स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। पुलिस कंट्रोल रूम को मिले एक धमकी भरे संदेश में शहर के अलग-अलग हिस्सों में स्थित छह स्कूलों को निशाना बनाने की बात कही गई। सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी और कैंपस के अंदर सर्च अभियान शुरू कर दिया। धमकी की जानकारी सामने आते ही पुलिस की टीमें संबंधित स्कूलों में पहुंचीं। स्कूल परिसर के साथ-साथ आसपास के इलाकों की भी जांच की जा रही है। बम निरोधक दस्ते और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया है, ताकि किसी भी संदिग्ध वस्तु की जानकारी मिलने पर तत्काल जांच की जा सके। धमकी वाले संदेश में एयरफोर्स स्कूल सेक्टर-31, सेंट सोल्जर इंटरनेशनल स्कूल सेक्टर-28, डीएवी मॉडल स्कूल सेक्टर-15, सेंट स्टीफंस स्कूल सेक्टर-45 और अजीत स्कूल सेक्टर-41 और 45 के नाम शामिल बताए गए हैं। इसके अलावा पंजाबी यूनिवर्सिटी कैंपस में स्थित अंकुर स्कूल को लेकर भी धमकी भरा संदेश मिलने की जानकारी सामने आई है।
एक ही संदेश में शहर के अलग-अलग हिस्सों में स्थित कई स्कूलों के नाम सामने आने के बाद पुलिस ने सभी संबंधित स्थानों पर सुरक्षा जांच शुरू कर दी। स्कूलों के कैंपस में पुलिस टीमों ने पहुंचकर अलग-अलग हिस्सों की जांच की। सुरक्षा एजेंसियां यह सुनिश्चित करने में जुटी हैं कि परिसर के अंदर या आसपास कोई संदिग्ध वस्तु मौजूद न हो। स्कूलों में इस तरह की धमकी मिलने का सीधा असर छात्रों, अभिभावकों और स्कूल प्रबंधन की चिंता पर पड़ता है। हालांकि, अभी तक किसी भी संबंधित स्कूल में बम या किसी संदिग्ध वस्तु के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में सुरक्षा एजेंसियां जांच पूरी होने तक हर संभावित पहलू को ध्यान में रखकर कार्रवाई कर रही हैं। पुलिस ने स्कूल परिसरों के अलावा आसपास के क्षेत्रों पर भी नजर रखी है। जिन स्थानों पर छात्रों, कर्मचारियों और अभिभावकों की आवाजाही होती है, वहां सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की प्राथमिकता धमकी की गंभीरता की जांच करना और किसी भी संभावित जोखिम को दूर करना है।
बम निरोधक दस्ते ने संभाली जांच, संदिग्ध वस्तु नहीं मिली
सूचना मिलने के बाद बम निरोधक दस्ते को भी अलर्ट किया गया। संबंधित स्कूल परिसरों में सुरक्षा जांच की जा रही है। पुलिस के मुताबिक अभी तक किसी स्कूल में संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है। सुरक्षा जांच के दौरान स्कूल परिसर के अलग-अलग हिस्सों को देखा जा रहा है। पुलिस यह भी सुनिश्चित कर रही है कि धमकी मिलने के बाद किसी तरह की अफवाह या अनावश्यक दहशत न फैले। सुरक्षा एजेंसियां अपने स्तर पर उपलब्ध जानकारी के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही हैं। ऐसे मामलों में किसी भी संदेश को नजरअंदाज नहीं किया जाता। इसलिए पुलिस ने धमकी को गंभीरता से लेते हुए स्कूलों की सुरक्षा जांच शुरू की है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि संदेश में वास्तविक खतरे की जानकारी थी या किसी ने जानबूझकर दहशत फैलाने के लिए धमकी दी।
पुलिस अब उस व्यक्ति या स्रोत तक पहुंचने की कोशिश कर रही है, जहां से धमकी वाला संदेश भेजा गया। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि संदेश किस माध्यम से भेजा गया और इसे भेजने वाले की पहचान क्या है। पुलिस संदेश से जुड़े तकनीकी विवरणों की जांच कर रही है। इसके जरिए संदेश के स्रोत और उसे भेजने वाले तक पहुंचने के सुराग जुटाए जा रहे हैं। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि क्या छह स्कूलों को एक ही स्रोत से धमकी दी गई या इसके पीछे कोई अन्य कड़ी है। अभी पुलिस ने धमकी को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है। जांच के बाद ही यह सामने आएगा कि यह वास्तविक खतरा था या फर्जी धमकी। फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सभी संबंधित स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था बनाए हुए हैं।
स्कूलों और आसपास के इलाकों में जांच जारी
धमकी मिलने के बाद पुलिस टीमों ने संबंधित स्कूलों में पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। स्कूल परिसरों के अलावा आसपास के क्षेत्रों को भी सुरक्षा जांच के दायरे में रखा गया है। बम निरोधक दस्ते और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की मौजूदगी में जांच की जा रही है। पुलिस की कार्रवाई का उद्देश्य किसी भी संभावित संदिग्ध वस्तु की पहचान करना और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखना है। अभी तक ऐसी किसी वस्तु के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है। इसके बावजूद जांच पूरी होने तक सुरक्षा एजेंसियां सतर्कता बरत रही हैं।
चंडीगढ़ जैसे शहर में अलग-अलग सेक्टरों में स्थित छह स्कूलों को एक साथ धमकी मिलने के बाद पुलिस के सामने दो स्तर पर जांच की चुनौती है। एक तरफ स्कूल परिसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करनी है, वहीं दूसरी तरफ धमकी वाले संदेश के स्रोत तक पहुंचना है। पुलिस की तकनीकी जांच से ही इस मामले में आगे की तस्वीर साफ होने की उम्मीद है। फिलहाल छह स्कूलों में सुरक्षा जांच जारी है। पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां संदेश की सत्यता, उसके स्रोत और धमकी भेजने वाले की पहचान से जुड़े तथ्यों को जुटा रही हैं। किसी संदिग्ध वस्तु की पुष्टि अभी नहीं हुई है और मामले में जांच जारी है।
