Helmet and Hair Fall: रोजाना बाइक या स्कूटर से दफ्तर और बाजार का चक्कर काटने वाले लोगों के लिए हेलमेट पहनना कानूनी और व्यक्तिगत सुरक्षा के लिहाज से बेहद जरूरी है। लेकिन इस कड़कड़ाती धूप और चिपचिपी उमस के बीच, सफर पूरा होने के बाद जब हेलमेट उतरता है, तो कई लोगों को बालों में बेतहाशा पसीना, खुजली और बदबू का सामना करना पड़ता है। धीरे-धीरे यही लापरवाही गंभीर हेयर फॉल में तब्दील होने लगती है। हालांकि, कड़वी हकीकत यह भी है कि हर बार बालों के टूटने का ठीकरा हेलमेट पर फोड़ना सही नहीं है। खराब जीवनशैली, मानसिक तनाव, हार्मोनल असंतुलन और गलत खानपान भी इसके उतने ही जिम्मेदार हैं। बस जरूरत इस बात की है कि हेलमेट पहनने के दौरान बालों की केयर करने का सही तरीका मालूम हो।
गीले बालों पर भूलकर भी न पहनें हेलमेट
जल्दबाजी के चक्कर में अक्सर लोग सुबह नहाने के तुरंत बाद गीले या हल्के नम बालों पर ही हेलमेट लगा लेते हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, यह आदत बालों की सेहत के लिए सबसे घातक साबित होती है। बंद हेलमेट के भीतर हवा न लगने के कारण स्कैल्प की नमी और पसीना एक साथ मिलकर बैक्टीरिया का घर बन जाते हैं। इससे सिर में डैंड्रफ और तेज खुजली की समस्या शुरू हो जाती है। इसलिए, जब तक बाल पूरी तरह से सूख न जाएं, तब तक सफर पर निकलने से बचें। इसके अलावा, हेलमेट के भीतर जमी गंदगी भी एक साइलेंट किलर है। इसकी अंदरूनी पैडिंग में हफ्तों का पसीना और धूल जमा रहती है, जिसे नियमित तौर पर धोना या साफ करना बेहद जरूरी है।
सफर खत्म होते ही बालों को दें खुली हवा
ऑफिस या घर पहुंचने के तुरंत बाद बालों को संवारने या बांधने की गलती न करें। हेलमेट उतारने के बाद कम से कम 5 से 10 मिनट के लिए बालों को पूरी तरह खुला छोड़ दें ताकि जड़ों में फंसा पसीना प्राकृतिक हवा से सूख सके। अगर उमस के कारण सिर बहुत ज्यादा भीग गया है, तो सादे पानी से स्कैल्प को धोना एक बेहतर विकल्प है। इसके साथ ही, हेलमेट लगाने से पहले महिलाओं और लंबे बाल रखने वाले पुरुषों को बहुत कसकर पोनीटेल या जूड़ा बनाने से बचना चाहिए। बालों को बहुत ज्यादा खींचकर बांधने से उनकी जड़ों पर दबाव पड़ता है, जिससे ‘ट्रैक्शन एलोपेसिया’ नाम की बीमारी का खतरा बढ़ता है और बाल बीच से टूटने लगते हैं।
बाहरी कंडीशनिंग के साथ अंदरूनी पोषण भी है जरूरी
बालों को उलझने से बचाने के लिए हमेशा चौड़े दांतों वाली कंघी का ही इस्तेमाल करें, क्योंकि हेलमेट से दबे बाल कमजोर होते हैं और बारीक कंघी से ज्यादा टूटते हैं। इन तमाम बाहरी उपायों के साथ-साथ यह भी समझना होगा कि बालों की असली ताकत आपके खानपान से आती है। शरीर में प्रोटीन, आयरन और जरूरी विटामिंस की कमी होगी, तो महंगे से महंगा शैम्पू भी बालों को नहीं बचा पाएगा। अपनी रोज की डाइट में हरी सब्जियां, फल और पर्याप्त पानी शामिल करें।
आखिरी और सबसे महत्वपूर्ण बात—यदि इन बदलावों के बाद भी स्कैल्प में लगातार लालपन, दाने या अत्यधिक हेयर फॉल की समस्या बनी हुई है, तो बिना समय गंवाए किसी अच्छे डर्मेटोलॉजिस्ट (त्वचा रोग विशेषज्ञ) से संपर्क करें, क्योंकि हर समस्या का इलाज घरेलू नुस्खे नहीं होते।
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