Kupwara Encounter: जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा जिले में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास शनिवार सुबह सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई। अधिकारियों के मुताबिक, इस कार्रवाई में अब तक दो आतंकी मारे गए हैं। घटना केरन सेक्टर के जुमागुंड इलाके में हुई, जहां सुरक्षाबलों ने सुबह संदिग्ध गतिविधि देखी थी। सेना के अनुसार, शनिवार सुबह करीब 3:30 बजे संदिग्ध गतिविधि नजर आने के बाद सुरक्षाबलों ने इलाके में कार्रवाई शुरू की। इसके बाद दोनों तरफ से फायरिंग हुई और मुठभेड़ शुरू हो गई। इलाके में तलाशी अभियान जारी है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वहां कोई अन्य आतंकी छिपा तो नहीं है। शुरुआत में घटना को घुसपैठ की कोशिश से जोड़कर देखा जा रहा था। हालांकि, अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अभी यह पुष्टि नहीं हुई है कि आतंकी LoC पार करके भारतीय क्षेत्र में घुसने की कोशिश कर रहे थे या नहीं।
अक्टूबर में पुंछ में भी सामने आईं आतंकी गतिविधियों से जुड़ी घटनाएं
इस महीने जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में नियंत्रण रेखा के आसपास भी दो घटनाएं सामने आई थीं। अधिकारियों के अनुसार, 12 अक्टूबर को कृष्णा घाटी सेक्टर से जुड़े इलाके में हुए धमाके में चार लोग मारे गए थे। अधिकारियों ने बताया था कि ये लोग भारत में घुसपैठ की कोशिश कर रहे थे। मारे गए लोगों में लश्कर-ए-तैयबा का एक कमांडर भी शामिल बताया गया था। इसी दिन पुंछ के मेंढर सेक्टर के बसोनी इलाके में बॉर्डर फेंस के पास दो जंग लगी बारूदी सुरंगें मिली थीं। सेना को ट्रैक बनाने के दौरान सुबह करीब 8:25 बजे और दोपहर 12:10 बजे इनका पता चला। इसके बाद सेना के विशेषज्ञों ने नियंत्रित विस्फोट के जरिए दोनों सुरंगों को नष्ट कर दिया था।
सितंबर में उधमपुर, डोडा और बडगाम में भी हुई थीं कार्रवाई
सितंबर में भी जम्मू-कश्मीर के अलग-अलग इलाकों में आतंकियों के खिलाफ अभियान चलाए गए थे। 17 सितंबर को उधमपुर जिले में सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े दो पाकिस्तानी आतंकियों को मार गिराया था। अधिकारियों के मुताबिक, इस मामले में एक संदिग्ध ओवरग्राउंड वर्कर को भी हिरासत में लिया गया था। घटनास्थल से AK राइफल, M4 कार्बाइन, पिस्तौल और गोला-बारूद बरामद किए जाने की जानकारी दी गई थी। 9 सितंबर को डोडा जिले में लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े एक पाकिस्तानी आतंकी का सड़ा हुआ शव मिला था। उसके पास से नाइट विजन क्षमता वाली M4 राइफल बरामद हुई थी। पुलिस के मुताबिक, वह आतंकी 6 सितंबर को सेओजधार के घने जंगलों में हुई मुठभेड़ में मारा गया था।
वहीं, 5 सितंबर को बडगाम जिले के यूसमर्ग-अशदर गली इलाके में सुरक्षाबलों ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी यासिर को मार गिराया था। रिपोर्ट के मुताबिक, यासिर 2024 में पुंछ में वायुसेना के काफिले पर हुए हमले में शामिल था। उस हमले में एक जवान शहीद हुआ था। कुपवाड़ा के केरन सेक्टर में जारी तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षाबलों की नजर इलाके में संभावित अन्य संदिग्धों की तलाश पर है। मुठभेड़ से जुड़ी आगे की जानकारी अधिकारियों की ओर से मिलने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।
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