High Court News: पनबस कर्मियों को मिलेगा रोडवेज कर्मियों के बराबर वेतन
पनबस कर्मी वेतन
High Court News: पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने पनबस के अनुबंध पर तैनात ड्राइवरों और कंडक्टरों को पंजाब रोडवेज के कर्मचारियों के बराबर वेतन और भत्ते देने के आदेश को बरकरार रखा है।
हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच ने पंजाब सरकार की अपील खारिज करते हुए कहा कि समान काम करने वाले कर्मचारियों को नियुक्ति के आधार पर अलग-अलग वेतन नहीं दिया जा सकता।
क्या था मामला
मार्च 2026 में हाईकोर्ट के एकल पीठ ने पनबस के ड्राइवरों और कंडक्टरों के पक्ष में फैसला सुनाया था। कोर्ट ने आदेश दिया था कि उन्हें पंजाब रोडवेज के कर्मचारियों के न्यूनतम वेतनमान और महंगाई भत्ते का लाभ दिया जाए। इस फैसले के खिलाफ पंजाब सरकार डिवीजन बेंच में गई थी।
कोर्ट की अहम टिप्पणी
डिवीजन बेंच ने सुनवाई के दौरान कहा कि पनबस और पंजाब रोडवेज के ड्राइवर-कंडक्टर की ड्यूटी और जिम्मेदारियां एक जैसी हैं। दोनों ही परिवहन विभाग के प्रशासनिक नियंत्रण में काम करते हैं। ऐसे में वेतन में भेदभाव उचित नहीं है। कोर्ट ने सरकार को यह भी निर्देश दिया कि वह पनबस कर्मियों के नियमितीकरण के मामले में कानून के अनुसार निर्णय ले।
बकाया एरियर का भुगतान भी करना होगा
इस फैसले से प्रदेशभर में अनुबंध पर काम कर रहे हजारों पनबस ड्राइवरों और कंडक्टरों को सीधा फायदा होगा। अब उन्हें रोडवेज कर्मियों के बराबर मूल वेतन और डीए मिलेगा। साथ ही बकाया एरियर का भुगतान भी करना पड़ेगा। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला “समान कार्य, समान वेतन” के सिद्धांत को मजबूती देता है।
