Ludhiana News: लुधियाना के होटल में प्रॉपर्टी डीलर का शव मिला, पुलिस और फोरेंसिक टीम ने शुरू की जांच
लुधियाना होटल में 70 साल के प्रॉपर्टी डीलर ने आत्महत्या की
Ludhiana News: लुधियाना के पक्खोवाल स्थित होटल इंपीरियल में सोमवार को 70 वर्षीय प्रॉपर्टी डीलर सतनाम सिंह की मौत का मामला सामने आया। सतनाम सिंह सराभा नगर के रहने वाले थे और एक दिन पहले ही होटल में ठहरने आए थे। उन्होंने होटल की पांचवीं मंजिल पर कमरा नंबर 508 लिया था। सोमवार सुबह होटल स्टाफ ने कमरे का दरवाजा खुलवाने की कोशिश की, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। काफी देर तक दरवाजा नहीं खुलने पर कर्मचारियों ने मास्टर चाबी से कमरा खोला। अंदर सतनाम सिंह का शव पड़ा मिला। होटल में शव मिलने की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। इसके बाद पुलिस टीम के साथ फोरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे की जांच की और शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की।
पुलिस को जांच के दौरान कमरे से एक सुसाइड नोट भी मिला है। पुलिस ने नोट को कब्जे में ले लिया है और उसकी जांच की जा रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि नोट में क्या लिखा है और उसमें किन लोगों के नाम हैं। पुलिस अब सुसाइड नोट की सामग्री, घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर मामले की जांच कर रही है। मौत के कारणों और उससे पहले की परिस्थितियों को लेकर भी जानकारी जुटाई जा रही है। परिजनों के होटल पहुंचने के बाद वहां माहौल गमगीन हो गया। सतनाम सिंह का शव देखकर परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल था।
बेटे का आरोप- बहनों ने प्रॉपर्टी विवाद में फंसाया
मौके पर पहुंचे सतनाम सिंह के बेटे समरदीप ने अपने पिता की मौत को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। समरदीप के मुताबिक उनके पिता लंबे समय से इंग्लैंड में रहते थे। उनका आरोप है कि प्रॉपर्टी विवाद को लेकर उनकी बहनों ने सतनाम सिंह के खिलाफ झूठा केस दर्ज कराया था। समरदीप ने दावा किया कि मामले में परिवार के अन्य लोगों के नाम भी शामिल करवाए गए थे। उनके मुताबिक इस कानूनी विवाद और लगातार बने दबाव के कारण उनके पिता मानसिक तनाव में थे। हालांकि, ये आरोप मृतक के बेटे ने लगाए हैं। पुलिस जांच में इन आरोपों की पुष्टि होना अभी बाकी है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि सतनाम सिंह के खिलाफ दर्ज कथित केस क्या था, उसमें किन लोगों के नाम थे और होटल पहुंचने से पहले वह किन परिस्थितियों से गुजर रहे थे।
समरदीप ने बताया कि परिवार को यह जानकारी नहीं थी कि उनके पिता लुधियाना के होटल इंपीरियल में कैसे पहुंचे। उनके अनुसार, एक दिन पहले तक पिता से इंग्लैंड के नंबर पर बातचीत हो रही थी। बेटे ने बताया कि सोमवार को जब परिवार ने उन्हें फोन किया तो उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की। इसके बाद होटल स्टाफ की तरफ से परिवार को सूचना दी गई कि सतनाम सिंह जिस कमरे में ठहरे थे, उसका दरवाजा नहीं खुल रहा था और अंदर उनका शव मिला है। समरदीप का आरोप है कि प्रॉपर्टी को लेकर उनके पिता पर लगातार दबाव बनाया जा रहा था। उन्होंने कहा कि सराभा नगर में करीब 300 गज का मकान उनके पिता के नाम पर है और इसी संपत्ति को लेकर उनकी बहनों की तरफ से उन्हें धमकियां मिलने का दावा किया गया था।
बेटे ने कहा- सुसाइड नोट में 5 से 7 लोगों के नाम
समरदीप का दावा है कि पुलिस को मिले सुसाइड नोट में उन लोगों के नाम लिखे गए हैं, जिन पर उनके पिता को परेशान करने का आरोप है। बेटे के मुताबिक नोट में करीब 5 से 7 लोगों के नाम होने की बात सामने आई है। फिलहाल पुलिस ने सुसाइड नोट को अपने कब्जे में ले लिया है। नोट में वास्तव में क्या लिखा है और उसमें किन लोगों का जिक्र किया गया है, इसकी आधिकारिक जानकारी पुलिस की ओर से सामने नहीं आई है। जांच में सुसाइड नोट की लिखावट, उसमें दर्ज आरोपों और उसमें नामित लोगों की भूमिका को भी देखा जाएगा। पुलिस यह भी जांच करेगी कि मृतक ने होटल आने से पहले किन लोगों से संपर्क किया था और क्या किसी व्यक्ति से उसकी कोई बातचीत या विवाद हुआ था।
मृतक के बेटे समरदीप ने कहा है कि जब तक उनके पिता को कथित तौर पर परेशान करने वाले सभी लोगों की गिरफ्तारी नहीं होती, परिवार अंतिम संस्कार नहीं करेगा। उनका दावा है कि सुसाइड नोट में जिन लोगों के नाम हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। परिवार ने पुलिस से मामले की गहराई से जांच करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। परिवार का आरोप है कि उनके पिता को प्रॉपर्टी विवाद में लगातार दबाव का सामना करना पड़ा और इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया।
पुलिस फिलहाल मामले को आत्महत्या के एंगल से जांच रही है। होटल के कमरे से सुसाइड नोट मिलने के बाद जांच में एक अहम साक्ष्य सामने आया है, लेकिन उसकी सामग्री और अन्य सबूतों की जांच के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट होगी। पुलिस होटल में लगे सीसीटीवी कैमरों, होटल के रिकॉर्ड और मृतक के आने-जाने से जुड़ी जानकारी भी खंगाल सकती है। इसके अलावा परिवार के सदस्यों के बयान दर्ज कर प्रॉपर्टी विवाद और कथित केस से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की जाएगी। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से भी मौत की परिस्थितियों को स्पष्ट करने में मदद मिलेगी। फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है और मामले से जुड़े सभी पहलुओं को जोड़ा जा रहा है।
