Chandigarh vendor fight: चंडीगढ़ में सड़क किनारे अवैध वेंडिंग हटाने की कार्रवाई के दौरान रविवार शाम सेक्टर-38 में हंगामा हो गया। नगर निगम की एनफोर्समेंट टीम स्टॉल हटाने पहुंची थी, लेकिन इसी दौरान दो वेंडर आपस में भिड़ गए। दोनों के बीच विवाद इतना बढ़ा कि उन्होंने एक-दूसरे पर लात-घूंसे चलाने शुरू कर दिए। मारपीट के समय नगर निगम की टीम मौके पर मौजूद थी। हालात बिगड़ने पर टीम ने पुलिस को सूचना दी, ताकि विवाद को संभाला जा सके और मामले में जरूरी कार्रवाई की जा सके। झगड़े के कारण निगम की कार्रवाई भी प्रभावित हुई।
एक वेंडर को हटाने पर दूसरे ने उठाए सवाल
जानकारी के मुताबिक, रविवार शाम नगर निगम की एनफोर्समेंट टीम सेक्टर-38 में सड़क किनारे लगे स्टॉल हटाने के लिए पहुंची थी। टीम ने कार्रवाई करते हुए एक वेंडर को वहां से हटाने की कोशिश की। इसी दौरान दूसरे वेंडर ने विरोध जताना शुरू कर दिया। विरोध कर रहे वेंडर का कहना था कि अगर एक वेंडर को हटाया जा रहा है, तो दूसरे के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। उसने दावा किया कि उसके पास वेंडिंग का लाइसेंस है। इसी बात को लेकर दोनों के बीच बहस शुरू हो गई।
कुछ ही देर में कहासुनी ने झगड़े का रूप ले लिया। दोनों वेंडर एक-दूसरे से भिड़ गए और मौके पर ही मारपीट करने लगे। नगर निगम की टीम के सामने हुई इस घटना के बाद पुलिस को सूचना दी गई। इस घटना ने वेंडिंग के नियमों और कार्रवाई के तरीके को लेकर सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, उपलब्ध जानकारी से यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों वेंडरों के लाइसेंस की मौके पर जांच हुई थी या नहीं और किस आधार पर संबंधित स्टॉल को हटाने की कार्रवाई की जा रही थी।
शहर में अवैध वेंडिंग के खिलाफ अभियान जारी
नगर निगम के अधिकारी सुनील दत्त के मुताबिक, शहर में सड़क किनारे अवैध रूप से बैठने वाले वेंडरों को हटाने के लिए एनफोर्समेंट टीम रोजाना कार्रवाई कर रही है। अलग-अलग सेक्टरों से वेंडरों के सड़क पर स्टॉल लगाने और रास्ता घेरने की शिकायतें मिलती रहती हैं। शिकायत मिलने पर टीम मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करती है। सुनील दत्त ने बताया कि सेक्टर-30 से भी इस तरह की शिकायत मिली थी, जिसके बाद टीम वहां पहुंची थी। उन्होंने कहा कि अवैध वेंडिंग के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
सेक्टर-38 में हुई मारपीट के बाद यह सवाल भी अहम हो गया है कि वेंडिंग लाइसेंस की जांच और नियमों के पालन को किस तरह सुनिश्चित किया जा रहा है। कार्रवाई के दौरान किसी वेंडर के लाइसेंस की स्थिति स्पष्ट करने और नियमों के आधार पर कदम उठाने से ऐसे विवादों को रोकने में मदद मिल सकती है। नगर निगम की कार्रवाई में 42 चालान, अवैध वेंडिंग पर चला प्रशासन डंडा

