Haryana Police: हरियाणा पुलिस को अत्याधुनिक तकनीक से लैस करने और बल में खाली पड़े पदों को भरने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा खाका तैयार कर लिया है। पुलिस शहीदी दिवस के मौके पर मीडिया से मुखातिब हुए पुलिस महानिदेशक (DGP) अजय सिंघल ने घोषणा की है कि प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए वर्ष 2030 तक कुल 28,000 नए पुलिस कर्मियों की भर्ती की जाएगी। इस योजना को दो चरणों में अमलीजामा पहनाया जाएगा, जिसकी प्रशासनिक प्रक्रिया अभी से शुरू कर दी गई है।
डीजीपी ने स्पष्ट किया कि पहली खेप के तहत मार्च 2027 तक लगभग 15,000 पदों पर भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद दूसरे चरण में वर्ष 2028 से 2030 के बीच लगभग 13,000 और नए जवानों को पुलिस बल में शामिल किया जाएगा। सरकार का यह कदम थानों और चौकियों में मैनपાવर की कमी को दूर करने में मील का पत्थर साबित होगा।
साइबर अपराधों में आई गिरावट, 6 हजार ठग गिरफ्तार
बदलते दौर के साथ पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती साइबर क्राइम से निपटने की रही है। डीजीपी ने आंकड़े साझा करते हुए बताया कि इस साल जनवरी से सितंबर 2026 के दौरान पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले कुल अपराधों में 9.35 प्रतिशत की उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। साइबर मोर्चे पर भी राहत भरी खबर है; जहां जनवरी 2026 में करीब 13,000 साइबर शिकायतें मिल रही थीं, वहीं सितंबर आते-आते यह संख्या घटकर करीब 11,000 रह गई यानी शिकायतों में सीधे तौर पर 17 प्रतिशत की गिरावट आई।
इस दौरान पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए लगभग 4,000 साइबर अपराध के मामले दर्ज किए और करीब 6 हजार आरोपियों को शिकंजे में लिया। खास बात यह है कि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए साइबर ठगी की करीब 40 प्रतिशत राशि को या तो होल्ड करवा दिया या पीड़ितों के खातों में रिकवर करा दिया। वहीं, लोकप्रिय हो चुकी ‘डायल-112’ आपातकालीन सेवा के जरिए अब तक लगभग 75 लाख नागरिकों को मदद पहुंचाई जा चुकी है।
विदेश में बैठे गैंगस्टरों पर कस रहा शिकंजा
सीमा पार और विदेश की धरती से आपराधिक साम्राज्य चलाने वाले गैंगस्टरों पर भी हरियाणा पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। डीजीपी अजय सिंघल ने दो टूक शब्दों में कहा कि विदेशी धरती से वारदातों को अंजाम देने वाले बदमाशों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। एसटीएफ (STF) और स्थानीय पुलिस के संयुक्त प्रयासों का नतीजा है कि वर्ष 2019 से लेकर अब तक कुल 28 गैंगस्टरों को विदेश से डिपोर्ट या प्रत्यर्पित कराकर स्वदेश लाया जा चुका है। इसके अलावा, 14 अन्य गैंगस्टर इस वक्त विदेशों में अलग-अलग जगहों पर हिरासत में हैं, जिन्हें भारत लाने की कानूनी प्रक्रिया तेजी से चल रही है।
बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 4,430 करोड़ का बजट
सुरक्षाबलों को आधुनिक सुविधाएं देने के लिए सरकार खजाना खोल चुकी है। पुलिस के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 658 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि स्वीकृत की गई है। इसके अलावा, साइबर अपराधों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए एच4सी (H4C) के 204 नए पदों को मंजूरी मिल चुकी है जिन पर जल्द ही भर्तियां होंगी। पंचकूला के माता मनसा देवी मंदिर परिसर में हाल ही में प्रदेश की पहली टूरिस्ट पुलिस पोस्ट शुरू की गई है, जिसके दायरे को भविष्य में और बढ़ाया जाएगा।
आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2025-26 के दौरान लगभग 238 करोड़ रुपये की लागत से 8 नए पुलिस थाने, 3 चौकियां और 313 आवासीय इकाइयों समेत कई प्रोजेक्ट पूरे किए गए हैं। मार्च 2027 तक 1,043 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों को अमलीजामा पहनाने का लक्ष्य है। वहीं, साल 2030-31 तक पुलिस के इन्फ्रास्ट्रक्चर पर कुल 4,430 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना है, जिसके तहत पुलिस आवासों की संख्या मौजूदा 15 हजार से बढ़ाकर 20 हजार करने का बड़ा लक्ष्य रखा गया है।
यह भी देखें – हरियाणा में करवट ले रहा मौसम, सुबह-शाम गुलाबी ठंड का अहसास, 24 अक्टूबर से इन जिलों में बरसेंगे बादल

