Jio Platforms Share Price: जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के शेयर में गुरुवार, 29 अक्टूबर को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में तेजी देखने को मिली। बीएसई और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर कंपनी के शेयर में 5% से अधिक की बढ़त दर्ज की गई। इस तेजी के साथ कंपनी का बाजार पूंजीकरण बढ़कर ₹13.72 लाख करोड़ के पार पहुंच गया। बीएसई पर जियो प्लेटफॉर्म्स का शेयर 5.12% चढ़कर ₹1,490 पर पहुंच गया। वहीं, एनएसई पर इसमें 5.09% की बढ़त दर्ज की गई और शेयर ₹1,489.70 पर कारोबार करता दिखाई दिया। बीएसई के आंकड़ों के मुताबिक, इस उछाल से कंपनी के बाजार पूंजीकरण में ₹66,903.61 करोड़ की वृद्धि हुई और यह ₹13,72,145.59 करोड़ पर पहुंच गया। कंपनी का शेयर अपने ₹1,119 के निर्गम मूल्य यानी आईपीओ के ऊपरी मूल्य स्तर से दोनों प्रमुख शेयर बाजारों में 33% से अधिक ऊपर कारोबार कर रहा था। लगातार दूसरे दिन की तेजी ने बाजार में कंपनी की मजबूत शुरुआत को आगे बढ़ाया है।
लिस्टिंग के बाद बाजार मूल्यांकन में बड़ी छलांग
जियो प्लेटफॉर्म्स ने बुधवार को शेयर बाजार में शानदार शुरुआत की थी। कंपनी के शेयर बीएसई और एनएसई पर ₹1,358 के भाव पर सूचीबद्ध हुए थे। यह आईपीओ के निर्गम मूल्य ₹1,119 से 21.36% अधिक था। पहले कारोबारी दिन बीएसई पर शेयर 26.66% की बढ़त के साथ ₹1,417.35 पर बंद हुआ था। कारोबार के दौरान इसने ₹1,423.80 का उच्चतम स्तर छुआ। एनएसई पर शेयर 26.67% चढ़कर ₹1,417.50 पर बंद हुआ था, जबकि दिन के कारोबार में इसका उच्चतम स्तर ₹1,423.90 रहा। बुधवार के कारोबार के अंत में कंपनी का बाजार पूंजीकरण ₹13 लाख करोड़ पर पहुंच गया था। इस मूल्यांकन के साथ जियो प्लेटफॉर्म्स देश की दूसरी सबसे मूल्यवान सूचीबद्ध कंपनी बनी। बाजार पूंजीकरण के मामले में रिलायंस इंडस्ट्रीज पहले स्थान पर है, जिसका मूल्यांकन ₹15.92 लाख करोड़ बताया गया। जियो प्लेटफॉर्म्स ने बाजार मूल्यांकन में भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक को पीछे छोड़ दिया था।
₹30,213 करोड़ के आईपीओ को मिला 22.19 गुना अभिदान
जियो प्लेटफॉर्म्स का ₹30,213 करोड़ का आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) कुल 22.19 गुना अभिदान के साथ बंद हुआ था। सार्वजनिक निर्गम और एंकर निवेशकों के आवंटन को मिलाकर कुल मांग ₹7 लाख करोड़ से अधिक रही थी। आईपीओ पूरी तरह 27 करोड़ नए शेयरों का निर्गम था और इसके लिए प्रति शेयर ₹1,065 से ₹1,119 का मूल्य दायरा तय किया गया था। आईपीओ से पहले कंपनी ने 19 अक्टूबर को 212 एंकर निवेशकों से करीब ₹8,110 करोड़ जुटाए थे। इन निवेशकों को ₹1,119 प्रति शेयर के भाव पर शेयर आवंटित किए गए, जो निर्धारित मूल्य दायरे का ऊपरी स्तर था। आईपीओ 21 अक्टूबर को खुला और पहले ही दिन करीब 100 मिनट के भीतर इसे पूरा अभिदान मिल गया था। निर्गम 23 अक्टूबर को बंद हुआ था।
रिलायंस इंडस्ट्रीज की जियो प्लेटफॉर्म्स में 66.4% हिस्सेदारी है। शेयर बाजार में लिस्टिंग के बाद कंपनी के शेयरों में आई तेजी ने उसके बाजार मूल्यांकन को और ऊपर पहुंचा दिया है। हालांकि, शेयर की कीमत में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है और निवेश से जुड़ा फैसला लेने से पहले कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, मूल्यांकन और बाजार जोखिमों को देखना जरूरी है।
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