July 21, 2026

Yamunanagar Scouts Guides First: लगातार पाँचवीं बार प्रदेश में अव्वल रहा यमुनानगर, भारत स्काउट्स एवं गाइड्स को मिले 11 राज्य स्तरीय सम्मान

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Yamunanagar Scouts Guides First: लगातार पाँचवीं बार प्रदेश में अव्वल रहा यमुनानगर, भारत स्काउट्स एवं गाइड्स को मिले 11 राज्य स्तरीय सम्मान

यमुनानगर ने रचा इतिहास, लगातार पांचवीं बार पूरे प्रदेश में रहा नंबर वन

Yamunanagar Scouts Guides First: हरियाणा के यमुनानगर जिले ने स्काउटिंग और गाइडिंग के फलक पर अपनी कामयाबी का ऐसा परचम लहराया है, जिसने एक नया इतिहास रच दिया है। चंडीगढ़ स्थित राजभवन (लोक भवन) में आयोजित भारत स्काउट्स एवं गाइड्स, हरियाणा की वार्षिक राज्य बैठक के दौरान यमुनानगर को लगातार पांचवीं बार प्रदेश में पहला स्थान मिलने का गौरव प्राप्त हुआ। एक-दो बार नहीं, बल्कि पांच सालों से लगातार शीर्ष पर बने रहना यह साबित करता है कि जिले की टीम में अनुशासन और सेवा का जज्बा किस कदर कूट-कूट कर भरा है। इसी भव्य समारोह में जिले के खाते में 11 अलग-अलग राज्य स्तरीय पुरस्कार भी आए, जिसने यमुनानगर के माथे पर एक और स्वर्णिम सितारा जड़ दिया है।

महामहिम राज्यपाल आसीम घोष ने थपथपाई पीठ, अधिकारियों ने ग्रहण किया गौरव

इस ऐतिहासिक मुकाम पर यमुनानगर की टीम को सम्मानित करने के लिए खुद हरियाणा के महामहिम राज्यपाल श्री आसीम घोष मंच पर मौजूद रहे। जिले की इस सामूहिक कामयाबी को ग्रहण करने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती प्रेमलता बक्शी, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी श्री अशोक राणा, जिला संगठन आयुक्त (स्काउट) संदीप गुप्ता, जिला संगठन आयुक्त (गाइड) श्रीमती ऋतु यादव और मनोज पंजेटा ने संयुक्त रूप से मंच साझा किया। राज्यपाल ने टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए इसे युवाओं के चरित्र निर्माण का बेहतरीन उदाहरण बताया।

इन 11 कर्मवीरों को मिला राज्य स्तरीय सम्मान

समारोह के दौरान सिर्फ जिला ही नंबर वन नहीं रहा, बल्कि इसके पीछे अपनी रात-दिन की मेहनत झोंकने वाले 11 चेहरों को भी व्यक्तिगत तौर पर नवाजा गया। सम्मानित होने वालों में डी.ओ.सी. (कब) मनोज पंजेटा, वरिष्ठ स्काउट मास्टर सुनील शर्मा, श्रीमती निर्मला, जन कल्याण समिति के प्रधान राजेश कश्यप जैसे दिग्गज नाम शामिल रहे। इसके अलावा युवा पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करते हुए स्काउट प्रतीक कौशिक, सुनैना, गाइड पूजा, रेंजर नेहा, कब दिवस सैनी और बुलबुल मृदुल ने भी विभिन्न श्रेणियों में अपनी श्रेष्ठता साबित कर राज्य स्तरीय पुरस्कारों पर कब्जा जमाया।

जमीनी मेहनत का प्रतिफल: नशा मुक्ति से लेकर आपदा सेवा तक अव्वल

यमुनानगर को लगातार पांचवीं बार प्रदेश का सिरमौर बनाने के पीछे सालभर की वो तपस्या है, जो स्कूल स्तर से लेकर जिला स्तर तक की गई। जिला संगठन आयुक्त संदीप गुप्ता और ऋतु यादव ने बताया कि टीम ने वर्षभर केवल कागजों पर नहीं, बल्कि धरातल पर काम किया। चाहे वह बड़े पैमाने पर पौधारोपण अभियान हो, समाज को खोखला कर रहे नशे के खिलाफ जन-जागरूकता फैलाना हो, या फिर रक्तदान शिविर और सड़क सुरक्षा को लेकर चलाई गई मुहिम हो। कोरोना काल के बाद से आपदा प्रबंधन और सामुदायिक विकास कार्यक्रमों में भी यमुनानगर के रोवर्स-रेंजर्स सबसे आगे मोर्चे पर डटे रहे, जिसका नतीजा आज सबके सामने है।

पूरी शिक्षा बिरादरी और प्रशासनिक अमले को बधाई देते हुए जिला शिक्षा अधिकारी प्रेमलता बक्शी और मौलिक शिक्षा अधिकारी अशोक राणा ने कहा कि यह जीत हर उस शिक्षक, छात्र और कर्मचारी की है जिसने अनुशासन की उंगली थामकर राष्ट्र निर्माण का संकल्प लिया है। टीम ने इस संकल्प को 2026 में भी दोहराया है कि आने वाले सालों में भी यमुनानगर सेवा के इस रास्ते पर हरियाणा का नेतृत्व करता रहेगा।

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