Abohar Bomb Threat: अबोहर में स्कूलों को बम से उड़ाने का धमकी भरा ईमेल, परिसर खाली कराए, पुलिस जांच में जुटी
अबोहर में स्कूलों को बम से उड़ाने का धमकी भरा ईमेल
Abohar Bomb Threat: पंजाब के फाजिल्का जिले के अबोहर में बुधवार सुबह कई प्रमुख निजी स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया। धमकी ईमेल के जरिए भेजी गई, जिसमें दोपहर 1:30 बजे का समय लिखा गया था। सूचना मिलते ही अजम्पशन कॉन्वेंट स्कूल, डीएवी स्कूल समेत जिन शिक्षण संस्थानों का ईमेल में उल्लेख था, उन्हें एहतियात के तौर पर खाली कराया गया और छात्रों को सुरक्षित घर भेज दिया गया। स्कूलों में अचानक हुई इस कार्रवाई से छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों के बीच चिंता का माहौल बन गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
सुबह 8:51 बजे मिला धमकी भरा ईमेल
जानकारी के अनुसार संबंधित स्कूलों को सुबह करीब 8:51 बजे ईमेल प्राप्त हुआ। ईमेल में स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी दी गई और दोपहर 1:30 बजे का समय लिखा गया था। धमकी मिलने के तुरंत बाद स्कूल प्रबंधन ने स्थानीय पुलिस और प्रशासन को सूचना दी। इसके बाद सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गईं और सभी संबंधित संस्थानों में एहतियाती कार्रवाई शुरू कर दी गई।
अजम्पशन कॉन्वेंट और डीएवी समेत कई स्कूलों में छुट्टी
रैकॉग्नाइज्ड एंड एफिलिएटेड स्कूल एसोसिएशन के प्रधान श्याम लाल अरोड़ा ने बताया कि धमकी वाले ईमेल में अजम्पशन कॉन्वेंट स्कूल सहित कई निजी स्कूलों के नाम शामिल थे। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा को देखते हुए संबंधित स्कूलों को खाली कराया जा रहा है। कई स्कूलों ने तुरंत छुट्टी घोषित कर दी, ताकि किसी भी संभावित खतरे की स्थिति में बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
प्रिंसिपल ने तुरंत पुलिस और प्रशासन को दी सूचना
डीएवी स्कूल की प्रिंसिपल स्मिता शर्मा ने बताया कि सुबह 8:51 बजे उन्हें धमकी भरा ईमेल मिला। इसके बाद उन्होंने तुरंत स्कूल प्रबंधन, सिटी-2 थाना पुलिस और एसडीएम कार्यालय को इसकी जानकारी दी। प्रशासन के निर्देश मिलने के बाद स्कूल में छुट्टी घोषित कर दी गई। साथ ही अभिभावकों को सूचना देकर बच्चों को सुरक्षित घर ले जाने की व्यवस्था की गई।
पुलिस हर पहलू से कर रही जांच
धमकी मिलने के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि ईमेल किस माध्यम से भेजा गया और इसके पीछे कौन है। फिलहाल प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है। सुरक्षा एजेंसियां मामले की गंभीरता को देखते हुए आवश्यक कार्रवाई कर रही हैं।
